#बरवाडीह #निर्माण_घोटाला : मोरवाई कलां में कार्य—डीपीआर के विपरीत जंगल से बालू उठाव का आरोप।
लातेहार के बरवाडीह में सड़क निर्माण कार्य में अनियमितता के आरोप लगे हैं। कल्वर्ट निर्माण में डीपीआर के विपरीत जंगल से बालू लाने की बात सामने आई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और वन विभाग की भूमिका पर सवाल उठाए हैं। मामले में जांच की मांग तेज हो गई है।
- मोरवाई कलां में 2.82 करोड़ की सड़क योजना पर सवाल।
- कल्वर्ट निर्माण में अवैध बालू उपयोग का आरोप।
- जंगल से मिट्टी युक्त बालू परिवहन जारी।
- डीपीआर के अनुसार कोयल नदी का बालू होना चाहिए।
- प्रशासन और वन विभाग की अनदेखी पर नाराजगी।
लातेहार जिले के बरवाडीह प्रखंड अंतर्गत मोरवाई कलां गांव में चल रहे सड़क निर्माण कार्य को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। ईश्वरी सिंह के घर से महावीर मंदिर तक लगभग 2 करोड़ 82 लाख रुपये की लागत से निर्माण कार्य चल रहा है, जिसमें फिलहाल कल्वर्ट का निर्माण किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य में नियमों की अनदेखी की जा रही है और घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है।
डीपीआर के विपरीत बालू उपयोग का आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि परियोजना की डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) के अनुसार कोयल नदी से वैध बालू लाकर उपयोग किया जाना चाहिए था, लेकिन इसके बजाय जंगल क्षेत्र से मिट्टी युक्त बालू लाया जा रहा है।
एक स्थानीय ग्रामीण ने कहा: “जंगल के ढोंढ़े से बालू उठाकर सीधे निर्माण में लगाया जा रहा है, जो पूरी तरह गलत है।”
जंगल से हो रहा अवैध परिवहन
आरोप है कि जंगल के ढोंढ़े से अवैध तरीके से बालू का उठाव और परिवहन धड़ल्ले से किया जा रहा है, जिससे पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचने की आशंका है।
प्रशासन और विभाग पर सवाल
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि इस पूरे मामले में न तो वन विभाग और न ही स्थानीय प्रशासन ने अब तक कोई कार्रवाई की है।
एक ग्रामीण ने कहा: “इतनी बड़ी अनियमितता हो रही है, लेकिन कोई देखने वाला नहीं है।”
मुखिया की भूमिका पर भी चर्चा
इस मामले में क्षेत्र के मुखिया की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं, हालांकि इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर चिंता
ग्रामीणों का कहना है कि यदि इस तरह की सामग्री का उपयोग जारी रहा, तो निर्माण कार्य की गुणवत्ता प्रभावित होगी और भविष्य में यह संरचना टिकाऊ नहीं रहेगी।
जांच की मांग तेज
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की जांच कराने और दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की है।
एक ग्रामीण ने कहा: “जांच होनी चाहिए ताकि सही काम हो सके।”
पर्यावरण पर भी खतरा
जंगल क्षेत्र से बालू उठाव से पर्यावरण संतुलन बिगड़ने का खतरा भी बढ़ गया है, जिसे लेकर लोग चिंतित हैं।
क्षेत्र में बढ़ता आक्रोश
इस घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ रहा है और वे जल्द कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
न्यूज़ देखो: विकास या अनियमितता
बरवाडीह का यह मामला दिखाता है कि यदि निगरानी नहीं हो, तो विकास कार्यों में भी अनियमितता घुस जाती है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस पर क्या कदम उठाता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
पारदर्शिता जरूरी है
हर विकास कार्य सही तरीके से होना चाहिए।
अनियमितता के खिलाफ आवाज उठाना जरूरी है।
जागरूक नागरिक ही बदलाव लाते हैं।
आइए, हम सही व्यवस्था की मांग करें।
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