#भवनाथपुर_गढ़वा : छात्र से दुर्व्यवहार और लापरवाही मामले में तीन शिक्षकों पर बड़ी कार्रवाई:
- छात्र से पैर और सिर दबवाने की घटना आई उपायुक्त के संज्ञान में।
- जांच में शराब सेवन और पढ़ाई में लापरवाही के आरोप सिद्ध।
- धीरेन्द्र पाल को कार्यमुक्त करने की प्रक्रिया प्रारंभ।
- बबन सिंह को तत्काल प्रभाव से किया गया निलंबित।
- एखलाख अंसारी पर आरोप-पत्र गठित, विभागीय कार्रवाई शुरू।
- उपायुक्त ने कहा- “अनियमितता पर नहीं बरती जाएगी कोई नरमी”।
भवनाथपुर प्रखंड के उत्क्रमित मध्य विद्यालय बेलपहाड़ी में शिक्षक बबन सिंह और धीरेन्द्र पाल द्वारा एक छात्र से छुट्टी के बाद सिर और पैर दबवाने की घटना सामने आई थी। मामला जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त शेखर जमुआर के संज्ञान में आने के बाद तुरंत कार्रवाई शुरू की गई।
जांच में सामने आए चौंकाने वाले तथ्य
प्रखंड विकास पदाधिकारी, भवनाथपुर की जांच में यह पाया गया कि आरोपी शिक्षक अक्सर शराब पीकर विद्यालय आते हैं और उन्हें पढ़ाई से कोई लेना-देना नहीं है। वहीं, प्रभारी प्रधानाध्यापक एखलाख अंसारी द्वारा भी विद्यालय संचालन में कोई रुचि नहीं ली जाती है। छात्रों से बातचीत में भी यह जानकारी मिली कि शिक्षक स्कूल के समय बच्चों को बाहर घूमने देते हैं।
कार्रवाई का सिलसिला
जांच रिपोर्ट के बाद जिला शिक्षा अधीक्षक अनुराग मिंज के माध्यम से तीनों शिक्षकों से 26 मार्च को कारण पृच्छा की गई थी, लेकिन 29 मार्च तक किसी का भी जवाब प्राप्त नहीं हुआ। इसके बाद उपायुक्त द्वारा तीनों पर त्वरित सख्त कदम उठाए गए।
“अनियमितता चाहे किसी भी स्तर पर हो, जिला प्रशासन नरमी नहीं बरतेगा। दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
— शेखर जमुआर, उपायुक्त गढ़वा
धीरेन्द्र पाल को कार्यमुक्त करने की प्रक्रिया शुरू
शिक्षक धीरेन्द्र पाल को सेवा से मुक्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह कार्रवाई उनकी गंभीर लापरवाही और अनुशासनहीनता को देखते हुए की जा रही है।
बबन सिंह को किया गया निलंबित
बबन सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है और उनका मुख्यालय प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी मझिआँव के कार्यालय में निर्धारित किया गया है। इस दौरान उन्हें केवल जीवन निर्वाह भत्ता प्राप्त होगा।
एखलाख अंसारी पर विभागीय कार्रवाई
प्रभारी प्रधानाध्यापक एखलाख अंसारी के खिलाफ आरोप-पत्र गठित कर विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है। स्कूल में व्याप्त अनियमितता और शैक्षणिक उपेक्षा में उनकी संलिप्तता भी पाई गई।
‘न्यूज़ देखो’ विशेष : शिक्षा व्यवस्था में सुधार की उम्मीद
गढ़वा जिले में यह मामला एक चेतावनी है कि शिक्षा जैसी संवेदनशील व्यवस्था में अब कोई कोताही बर्दाश्त नहीं होगी। जिला प्रशासन की तत्परता और पारदर्शिता यह भरोसा दिलाती है कि हर विद्यार्थी को मिलेगा सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण माहौल।
‘न्यूज़ देखो’ पर हम हर शैक्षणिक सुधार और प्रशासनिक कार्रवाई पर पैनी नजर बनाए रखेंगे।
हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
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