संविधान और सामाजिक न्याय की ध्वजवाहक है कांग्रेस, 140वें स्थापना दिवस पर मेदिनीनगर में गरिमामय आयोजन

संविधान और सामाजिक न्याय की ध्वजवाहक है कांग्रेस, 140वें स्थापना दिवस पर मेदिनीनगर में गरिमामय आयोजन

author News देखो Team
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#मेदिनीनगर #कांग्रेसस्थापनादिवस : जिला कांग्रेस कार्यालय में झंडोत्तोलन, नेताओं ने संविधान और लोकतंत्र की रक्षा का लिया संकल्प
  • जिला कांग्रेस अध्यक्ष बिमला कुमारी ने किया झंडोत्तोलन।
  • जिला प्रभारी विनय सिन्हा ‘दीपू’ की रही विशेष उपस्थिति।
  • 140 वर्षों की ऐतिहासिक यात्रा पर वक्ताओं ने डाला प्रकाश।
  • वरिष्ठ नेताओं को सम्मानित कर संगठनात्मक योगदान को सराहा गया।
  • संविधान, लोकतंत्र और सामाजिक न्याय की रक्षा का संकल्प।


भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 140वें स्थापना दिवस के अवसर पर मेदिनीनगर स्थित जिला कांग्रेस कार्यालय में गरिमामय वातावरण में झंडोत्तोलन कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष बिमला कुमारी द्वारा ध्वजारोहण किया गया। कार्यक्रम में कांग्रेस के गौरवशाली इतिहास, लोकतांत्रिक संघर्ष और सामाजिक न्याय के प्रति प्रतिबद्धता को दोहराया गया।

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भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के स्थापना दिवस के अवसर पर रविवार को पलामू जिला कांग्रेस कार्यालय, मेदिनीनगर में उत्साह और राजनीतिक चेतना से परिपूर्ण माहौल देखने को मिला। कांग्रेस पार्टी के 140 वर्षों की ऐतिहासिक यात्रा को स्मरण करते हुए पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने लोकतंत्र, संविधान और सामाजिक समरसता की रक्षा का संकल्प लिया।

जिला अध्यक्ष ने किया झंडोत्तोलन

कार्यक्रम की शुरुआत जिला कांग्रेस अध्यक्ष बिमला कुमारी द्वारा झंडोत्तोलन के साथ हुई। इस अवसर पर जिला प्रभारी विनय सिन्हा ‘दीपू’ की विशेष एवं गरिमामयी उपस्थिति रही। झंडोत्तोलन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पार्टी के सिद्धांतों और मूल्यों के प्रति अपनी निष्ठा दोहराई।

“कांग्रेस केवल पार्टी नहीं, एक विचारधारा है” — बिमला कुमारी

झंडोत्तोलन के पश्चात आयोजित सभा को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष बिमला कुमारी ने कहा—

“कांग्रेस पार्टी केवल एक राजनीतिक संगठन नहीं है, बल्कि यह आज़ादी की लड़ाई से लेकर संविधान निर्माण और सामाजिक न्याय तक देश की लोकतांत्रिक चेतना की ध्वजवाहक रही है। 140 वर्षों की यह यात्रा त्याग, संघर्ष और राष्ट्रनिर्माण की कहानी है।”

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा गरीबों, किसानों, मजदूरों, दलितों, आदिवासियों और अल्पसंख्यकों की आवाज़ को मजबूती से उठाया है। आज जब संविधान और लोकतांत्रिक संस्थाओं पर चुनौतियां खड़ी हो रही हैं, तब कांग्रेस की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाती है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे जनता के बीच जाकर कांग्रेस की विचारधारा और नीतियों को मजबूती से रखें।

संवैधानिक मूल्यों की रक्षा में कांग्रेस की भूमिका

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला प्रभारी विनय सिन्हा ‘दीपू’ ने कहा कि कांग्रेस का 140 वर्षों का इतिहास सत्ता की राजनीति का नहीं, बल्कि सेवा, बलिदान और लोकतंत्र को सशक्त करने का इतिहास है। उन्होंने कहा—

“आज जब असहमति की आवाज़ को दबाने और संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर करने की कोशिशें हो रही हैं, ऐसे समय में कांग्रेस पार्टी की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है।”

उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने और जनता के सवालों को पूरी मजबूती के साथ उठाने का आह्वान किया।

संगठनात्मक मजबूती पर जोर

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पार्टी के गौरवशाली इतिहास को याद करते हुए यह संकल्प लिया कि वे संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करेंगे। वक्ताओं ने कहा कि कांग्रेस ही एकमात्र ऐसी पार्टी है जिसने आज़ादी से लेकर अब तक देश की विविधता, सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक मूल्यों को प्राथमिकता दी है।

कार्यक्रम में यह भी चर्चा की गई कि वर्तमान समय में महंगाई, बेरोजगारी, किसानों की समस्याएं और सामाजिक असमानता जैसे मुद्दों पर कांग्रेस को जनता के बीच और अधिक सक्रिय भूमिका निभानी होगी।

वरिष्ठ नेताओं का सम्मान

स्थापना दिवस के अवसर पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष बिमला कुमारी द्वारा पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को संगठन के प्रति उनके दीर्घकालीन योगदान, संघर्ष और समर्पण के लिए सम्मानित किया गया। इस सम्मान समारोह ने कार्यक्रम को और भी भावनात्मक एवं प्रेरणादायक बना दिया।

सम्मान पाने वाले नेताओं ने कहा कि कांग्रेस पार्टी उनके लिए केवल राजनीति नहीं, बल्कि समाज सेवा और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का माध्यम रही है।

बड़ी संख्या में कांग्रेसी रहे उपस्थित

कार्यक्रम में प्रमुख रूप से सोमेश्वर प्रसाद, दीनानाथ तिवारी, सत्यानंद दुबे, कामेश्वर तिवारी, विजय चौबे, विनोद तिवारी, ओमप्रकाश अमन, घूरा तिवारी, सत्येंद्र सिंह, मिथिलेश सिंह, रामानंद पाठक, रुद्र शुक्ला, मनोज गुप्ता, गोपाल त्रिपाठी, राजेश चौरसिया, रंजन दुबे, मुन्ना खान, गुलाम नबी सहित बड़ी संख्या में वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी और कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान “कांग्रेस जिंदाबाद” और “संविधान बचाओ” जैसे नारों से वातावरण गूंज उठा।

न्यूज़ देखो: कांग्रेस की 140 वर्षों की विरासत

कांग्रेस स्थापना दिवस का यह आयोजन न केवल अतीत को स्मरण करने का अवसर बना, बल्कि भविष्य की रणनीति तय करने का भी मंच साबित हुआ। नेताओं के संबोधन से यह स्पष्ट हुआ कि कांग्रेस आने वाले समय में संविधान, लोकतंत्र और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर और अधिक आक्रामक एवं संगठित भूमिका निभाने की तैयारी में है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।

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