
#महुआडांड़ #निर्माण_जांच : एकलव्य और आश्रम स्कूल में गड़बड़ी के आरोप—जांच तक काम बंद।
लातेहार के महुआडांड़ प्रखंड में एकलव्य और आश्रम स्कूल निर्माण में अनियमितता की शिकायत पर प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। एसडीओ बिपिन कुमार दुबे ने औचक निरीक्षण कर दोनों परियोजनाओं पर जांच तक रोक लगाने का आदेश दिया। ग्रामीणों ने घटिया निर्माण का आरोप लगाया था। कार्रवाई के बाद एजेंसी और ठेकेदारों में हड़कंप मच गया है।
- 35 करोड़ की एकलव्य स्कूल परियोजना पर जांच तक रोक।
- 1.5 करोड़ के आश्रम स्कूल निर्माण में भी गड़बड़ी के आरोप।
- एसडीओ बिपिन कुमार दुबे ने किया औचक निरीक्षण।
- कंचन कुजूर (प्रखंड प्रमुख) भी मौके पर रहीं मौजूद।
- जांच पूरी होने तक निर्माण कार्य बंद करने का निर्देश।
लातेहार जिले के महुआडांड़ प्रखंड में करोड़ों रुपये की लागत से बन रहे सरकारी विद्यालयों के निर्माण कार्य में अनियमितता के आरोपों ने प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है। बांशकरचा में बन रहे एकलव्य स्कूल और बोहटा में बन रहे आश्रम स्कूल के निर्माण कार्य पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।
यह कार्रवाई तब हुई जब ग्रामीणों ने निर्माण में गड़बड़ी और गुणवत्ता में कमी की शिकायत की।
ग्रामीणों ने लगाए गंभीर आरोप
स्थानीय ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि निर्माण कार्य में घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है और तकनीकी मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है।
एक ग्रामीण ने कहा: “हमने कई बार शिकायत की, लेकिन अब जाकर प्रशासन ने ध्यान दिया।”
इन आरोपों के बाद मामला गंभीर हो गया और प्रशासन को तत्काल हस्तक्षेप करना पड़ा।
एसडीओ का औचक निरीक्षण
शिकायत मिलते ही एसडीओ बिपिन कुमार दुबे ने प्रखंड प्रमुख कंचन कुजूर के साथ निर्माण स्थल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता और प्रक्रिया का बारीकी से जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान कई तकनीकी खामियां सामने आईं, जिससे प्रशासन सख्त हो गया।
दस्तावेजों की जांच में कमी
निरीक्षण के दौरान एसडीओ ने निर्माण एजेंसी से संबंधित दस्तावेजों की मांग की, लेकिन संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई।
एसडीओ बिपिन कुमार दुबे ने कहा: “यदि गुणवत्ता में कमी पाई गई, तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
आश्रम स्कूल में भी मिली खामियां
इसी क्रम में बोहटा में बन रहे 1.5 करोड़ रुपये की लागत वाले आश्रम स्कूल का भी निरीक्षण किया गया। यहां भी निर्माण कार्य में अनियमितता के आरोप सही पाए गए।
इससे प्रशासन की चिंता और बढ़ गई।
निर्माण कार्य पर तत्काल रोक
स्थिति को गंभीर देखते हुए एसडीओ ने मौके पर ही निर्माण कार्य को तत्काल प्रभाव से रोकने का आदेश दिया।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया: “जांच पूरी होने तक कोई भी निर्माण कार्य नहीं होगा।”
एजेंसी और ठेकेदारों में हड़कंप
अचानक हुई इस कार्रवाई से निर्माण एजेंसी, ठेकेदार और संबंधित कर्मियों में हड़कंप मच गया है। सभी अब जांच रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं।
ग्रामीणों ने किया स्वागत
ग्रामीणों ने प्रशासन की इस सख्ती का स्वागत किया और कहा कि इससे उन्हें न्याय मिलने की उम्मीद जगी है।
ग्रामीणों ने कहा: “अब उम्मीद है कि दोषियों पर कार्रवाई होगी।”
उच्चस्तरीय जांच की मांग
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि दोनों परियोजनाओं की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
जांच रिपोर्ट पर टिकी निगाहें
फिलहाल दोनों निर्माण कार्यों पर रोक लगी हुई है और अब सबकी नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी है। माना जा रहा है कि इस जांच में बड़े स्तर पर अनियमितताएं सामने आ सकती हैं।
न्यूज़ देखो: सख्ती से ही रुकेगा भ्रष्टाचार
महुआडांड़ की यह कार्रवाई दिखाती है कि यदि प्रशासन सख्त हो, तो अनियमितताओं पर लगाम लगाई जा सकती है। लेकिन अब असली परीक्षा जांच और कार्रवाई की है—क्या दोषियों पर सख्त कदम उठाए जाएंगे? हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
पारदर्शिता ही विकास की पहचान
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