
#सिमडेगा #खजूर_रविवार : शोभायात्रा और मिस्सा पूजा में श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़।
खजूर रविवार के अवसर पर रांची के ध्रुवा प्रभाततारा में भव्य शोभायात्रा और मिस्सा पूजा का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में मसीही समुदाय के लोग शामिल हुए। कार्यक्रम में जिप सदस्य जोसिमा खाखा ने भाग लेकर शांति और भाईचारे का संदेश दिया। धार्मिक आयोजन ने समाज में एकता और आस्था का माहौल बनाया।
- ध्रुवा प्रभाततारा, रांची में खजूर रविवार का आयोजन।
- फा. फ़िल्मोन एक्का की अगुवाई में निकली शोभायात्रा।
- जोसिमा खाखा ने कार्यक्रम में भाग लेकर दिया संदेश।
- मसीही विश्वासी खजूर की डालियों के साथ जुलूस में शामिल।
- मिस्सा पूजा में भारी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित।
खजूर रविवार के पावन अवसर पर रांची के धुर्वा प्रभाततारा में भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। इस मौके पर भव्य शोभायात्रा और मिस्सा पूजा का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में मसीही समुदाय के लोग शामिल हुए। श्रद्धालु खजूर की कोमल डालियों के साथ प्रभु यीशु के यरूशलेम प्रवेश की स्मृति को जीवंत करते नजर आए।
कार्यक्रम का नेतृत्व फा. फ़िल्मोन एक्का द्वारा किया गया, जिनकी अगुवाई में शोभायात्रा निकाली गई। पूरे आयोजन के दौरान भक्ति गीतों और प्रार्थनाओं से वातावरण आध्यात्मिक बना रहा।
शोभायात्रा में दिखा आस्था का अनूठा दृश्य
खजूर रविवार के अवसर पर निकली शोभायात्रा में श्रद्धालु पारंपरिक तरीके से शामिल हुए। सभी ने हाथों में खजूर की डालियां लेकर प्रभु यीशु के स्वागत का प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया।
इस दौरान श्रद्धालु “होसन्ना” के जयघोष के साथ आगे बढ़ते रहे, जिससे पूरे क्षेत्र में धार्मिक माहौल बन गया।
जोसिमा खाखा ने दिया एकता का संदेश
कार्यक्रम में कांग्रेस महिला जिला अध्यक्ष सह जिप सदस्य जोसिमा खाखा भी शामिल हुईं। उन्होंने शोभायात्रा में भाग लेकर प्रार्थना की और समाज में शांति, प्रेम और भाईचारे का संदेश दिया।
जोसिमा खाखा ने कहा: “खजूर रविवार हमें त्याग, विनम्रता और सेवा का संदेश देता है।”
उन्होंने यह भी कहा कि आज के समय में समाज को एकजुटता और आपसी सद्भाव की सबसे अधिक आवश्यकता है।
मिस्सा पूजा में उमड़ी भीड़
शोभायात्रा के बाद गिरजाघर परिसर में विशेष मिस्सा पूजा आयोजित की गई। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर अपने परिवार, समाज और देश की खुशहाली के लिए प्रार्थना की।
पूजा के दौरान लोगों ने आध्यात्मिक शांति का अनुभव किया और प्रभु यीशु के जीवन संदेश को याद किया।
धार्मिक आयोजन से बढ़ी सकारात्मक ऊर्जा
इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि धार्मिक पर्व केवल पूजा तक सीमित नहीं होते, बल्कि समाज में सकारात्मक ऊर्जा और एकता का संचार भी करते हैं।
कार्यक्रम में मेरी तिर्की (जिला अध्यक्ष, रांची ग्रामीण महिला कांग्रेस) सहित बड़ी संख्या में मसीही समुदाय के लोग उपस्थित रहे।
समाज में भाईचारे का संदेश
इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन लोगों को एक-दूसरे के करीब लाते हैं और समाज में प्रेम और करुणा का संदेश फैलाते हैं।
न्यूज़ देखो: आस्था के साथ सामाजिक एकता का संदेश
ध्रुवा प्रभाततारा में मनाया गया खजूर रविवार यह दर्शाता है कि धार्मिक पर्व समाज को जोड़ने का एक महत्वपूर्ण माध्यम हैं। यह आयोजन न केवल आस्था का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक समरसता और भाईचारे को भी मजबूत करता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
प्रेम और करुणा से ही बनेगा मजबूत समाज
धार्मिक पर्व हमें जीवन में सही दिशा और मूल्यों की सीख देते हैं।
प्रेम, सेवा और करुणा ही सच्ची मानवता की पहचान है।
आइए, हम इन मूल्यों को अपनाकर समाज में सकारात्मक बदलाव लाएं।
एकता और सद्भाव से ही समाज मजबूत बनता है।
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