
#बिश्रामपुर #स्वास्थ्य_मेला : सीएचसी और पीएचसी स्तर पर टीबी, बीपी, शुगर, नेत्र जांच सहित आयुष्मान व आभा कार्ड की सुविधा।
- 06 जनवरी को पीएचसी नवाबाजार में स्वास्थ्य मेला।
- 07 जनवरी को सीएचसी बिश्रामपुर में आयोजन।
- 09 जनवरी को सीएचसी पांडु और 10 जनवरी को सीएचसी उटारी में स्वास्थ्य मेला।
- बीपी, शुगर, नेत्र जांच और चश्मा वितरण की व्यवस्था।
- टीबी, मलेरिया, परिवार नियोजन सहित कई स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी।
- आयुष्मान कार्ड और आभा कार्ड का निर्माण व वितरण।
पलामू जिले के बिश्रामपुर अनुमंडल क्षेत्र में आम जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 6 जनवरी से 10 जनवरी 2026 तक व्यापक स्तर पर स्वास्थ्य मेला आयोजित किया जाएगा। यह मेला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) स्तर पर चारों ब्लॉकों में लगाया जाएगा। इस संबंध में शनिवार को बिश्रामपुर में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ राजेन्द्र कुमार ने विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य मेला को लेकर विभागीय स्तर पर सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
चारों ब्लॉकों के लिए तय तिथियां
डॉ राजेन्द्र कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि स्वास्थ्य मेला अलग–अलग तिथियों में विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर लगाया जाएगा। इसके तहत
06 जनवरी को पीएचसी नवाबाजार,
07 जनवरी को सीएचसी बिश्रामपुर,
09 जनवरी को सीएचसी पांडु और
10 जनवरी को सीएचसी उटारी में स्वास्थ्य मेला आयोजित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सभी केंद्रों पर एक समान सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि दूर–दराज के ग्रामीणों को भी स्वास्थ्य सेवाओं का पूरा लाभ मिल सके।
मुफ्त जांच और दवा वितरण की व्यवस्था
प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने बताया कि स्वास्थ्य मेले के दौरान लोगों को मुफ्त स्वास्थ्य जांच और आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। विशेष रूप से टीबी, मलेरिया, परिवार नियोजन, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य से संबंधित सेवाओं पर फोकस रहेगा। इसके साथ ही आम लोगों को विभिन्न सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी भी दी जाएगी, ताकि वे समय पर इन योजनाओं का लाभ उठा सकें।
बीपी, शुगर और नेत्र जांच की सुविधा
स्वास्थ्य मेले की एक अहम विशेषता यह होगी कि इसमें ब्लड प्रेशर (बीपी) और शुगर जांच की सुविधा उपलब्ध रहेगी। इसके अलावा आंखों की जांच कर जरूरतमंद मरीजों को मुफ्त चश्मा भी वितरित किया जाएगा। डॉ राजेन्द्र कुमार ने बताया कि ग्रामीण इलाकों में आंखों की समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं, ऐसे में यह पहल काफी लाभकारी साबित होगी।
सिकल सेल स्क्रीनिंग भी होगी
डॉ कुमार ने बताया कि सभी स्वास्थ्य मेलों में सिकल सेल एनीमिया स्क्रीनिंग कैंप भी लगाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सिकल सेल जैसी गंभीर बीमारी की समय रहते पहचान और परामर्श बेहद जरूरी है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा विशेष टीम की तैनाती की जाएगी, जो लोगों की जांच कर आवश्यक मार्गदर्शन देगी।
आयुष्मान और आभा कार्ड का लाभ
स्वास्थ्य मेले के दौरान आयुष्मान भारत योजना के तहत पात्र लाभुकों के आयुष्मान कार्ड बनाए जाएंगे और वितरित किए जाएंगे। साथ ही लोगों के आभा कार्ड (ABHA Card) भी तैयार किए जाएंगे, जिससे डिजिटल स्वास्थ्य रिकॉर्ड को बढ़ावा मिलेगा। डॉ राजेन्द्र कुमार ने कहा कि आयुष्मान कार्ड से गरीब और जरूरतमंद परिवारों को पांच लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिल सकता है, इसलिए अधिक से अधिक लोगों को इस योजना से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
आयुष पद्धति की जानकारी भी मिलेगी
स्वास्थ्य मेले में केवल एलोपैथिक ही नहीं, बल्कि आयुष पद्धति से जुड़ी जानकारियां भी दी जाएंगी। इसमें आयुर्वेद, होम्योपैथी और योग से संबंधित परामर्श शामिल रहेगा। डॉ कुमार ने कहा कि आयुष पद्धति से कई सामान्य बीमारियों का उपचार संभव है और लोगों को इसके प्रति जागरूक करना भी स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य है।
ग्रामीणों के लिए राहत भरा आयोजन
ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को अक्सर छोटी–छोटी बीमारियों के लिए भी जिला अस्पताल या निजी क्लीनिकों का सहारा लेना पड़ता है। ऐसे में यह स्वास्थ्य मेला उनके लिए बड़ी राहत साबित होगा। एक ही स्थान पर जांच, परामर्श, दवा और कार्ड निर्माण की सुविधा मिलने से समय और पैसे दोनों की बचत होगी।
स्वास्थ्य विभाग की पूरी तैयारी
डॉ राजेन्द्र कुमार ने बताया कि स्वास्थ्य मेला को सफल बनाने के लिए चिकित्सकों, एएनएम, स्वास्थ्यकर्मियों और स्वयंसेवकों की तैनाती की जा रही है। सभी आवश्यक दवाएं, जांच उपकरण और लॉजिस्टिक व्यवस्था पहले से सुनिश्चित कर ली गई है। उन्होंने लोगों से अपील की कि अधिक से अधिक संख्या में स्वास्थ्य मेले में पहुंचकर इसका लाभ उठाएं।
न्यूज़ देखो: स्वास्थ्य सेवाओं की मजबूत पहल
बिश्रामपुर अनुमंडल में चारों ब्लॉकों में स्वास्थ्य मेला का आयोजन स्वास्थ्य विभाग की एक सराहनीय पहल है। इससे ग्रामीण और जरूरतमंद लोगों तक सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं की सीधी पहुंच सुनिश्चित होगी। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
स्वस्थ समाज की ओर एक कदम
स्वास्थ्य मेला केवल इलाज नहीं, बल्कि जागरूकता का माध्यम भी है। आम लोगों को चाहिए कि वे इस अवसर का पूरा लाभ उठाएं, जांच कराएं और योजनाओं से जुड़ें। इस खबर को साझा करें और दूसरों को भी स्वास्थ्य मेले में आने के लिए प्रेरित करें।







