
#गुमला #खाद्यसुरक्षाजांच : उपायुक्त के निर्देश पर राइस मिल व किराना दुकानों की जांच, जल गुणवत्ता, फोर्टीफाइड चावल और एफएसएसएआई मानकों की हुई समीक्षा।
गुमला जिले के खोरा स्थित कंचन राइस मिल का खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन को लेकर सघन निरीक्षण किया गया। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी ने मिल परिसर, उत्पादन प्रक्रिया, जल गुणवत्ता और अभिलेखों की जांच की। साथ ही अन्य दुकानों में भी अभियान चलाकर आवश्यक निर्देश जारी किए गए।
- निरीक्षण – खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी प्रकाश चंद्र गुग्गी द्वारा।
- निर्देश – उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित के मार्गदर्शन में कार्रवाई।
- मिल में जल गुणवत्ता, फोर्टीफाइड चावल एवं अभिलेखों की जांच।
- पैकेजिंग पर एफएसएसएआई लाइसेंस नंबर, बैच नंबर, पैकिंग तिथि अंकित करने का निर्देश।
- खोरा एवं शहरी क्षेत्र की दुकानों में भी चलाया गया जांच अभियान।
गुमला। जिले में खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन और जनस्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी प्रकाश चंद्र गुग्गी द्वारा खोरा स्थित कंचन राइस मिल का सघन निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान मिल परिसर की साफ-सफाई, उत्पादन प्रक्रिया, भंडारण व्यवस्था एवं अभिलेखों की गहन जांच की गई।
जल गुणवत्ता और उत्पादन प्रक्रिया की जांच
निरीक्षण क्रम में मिल में उपयोग किए जा रहे पानी की गुणवत्ता की जांच की गई। अधिकारियों ने निर्देश दिया कि पेयजल की नियमित जांच कराई जाए और उसकी रिपोर्ट अभिलेख में सुरक्षित रखी जाए। उत्पादन प्रक्रिया की पारदर्शिता और स्वच्छता बनाए रखने पर विशेष बल दिया गया।
फोर्टीफाइड चावल एवं उसना चावल से संबंधित गुणवत्ता रिपोर्ट का भी अवलोकन किया गया। अधिकारियों ने कहा कि सभी आवश्यक दस्तावेज अद्यतन एवं सुव्यवस्थित रूप से संधारित किए जाएं।
कर्मचारियों की मेडिकल फिटनेस पर जोर
निरीक्षण के दौरान मिल में कार्यरत कर्मियों की मेडिकल फिटनेस की स्थिति की भी समीक्षा की गई। सभी कर्मचारियों का समय-समय पर स्वास्थ्य परीक्षण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया, ताकि खाद्य उत्पादन प्रक्रिया में किसी प्रकार का स्वास्थ्य जोखिम न हो।
इसके अतिरिक्त मिल परिसर में नियमित कीट प्रबंधन व्यवस्था बनाए रखने और स्वच्छ वातावरण सुनिश्चित करने की हिदायत दी गई।
पैकेजिंग और भंडारण को लेकर सख्त निर्देश
अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिया कि पैकेज्ड चावल पर एफएसएसएआई लाइसेंस नंबर, बैच नंबर, पैकिंग तिथि, शुद्ध वजन एवं अन्य अनिवार्य विवरण स्पष्ट रूप से अंकित किए जाएं। भंडारण कक्ष में नमी नियंत्रण और स्वच्छता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया।
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी ने कहा:
खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के प्रावधानों का कड़ाई से पालन किया जाए। मानकों की अनदेखी पाए जाने पर विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
अन्य दुकानों में भी चला जांच अभियान
केवल राइस मिल ही नहीं, बल्कि खोरा क्षेत्र और शहरी क्षेत्र के अन्य किराना एवं खाद्यान्न दुकानों में भी जांच अभियान चलाया गया। दुकानों में साफ-सफाई, खाद्य पदार्थों के भंडारण की स्थिति, एक्सपायरी तिथि, लाइसेंस एवं आवश्यक दस्तावेजों की जांच की गई।
दुकानदारों को सख्त हिदायत दी गई कि किसी भी प्रकार का एक्सपायर फूड प्रोडक्ट की खरीद-बिक्री न करें और उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण एवं सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराएं।
अभियान के दौरान अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में भी ऐसे निरीक्षण अभियान निरंतर जारी रहेंगे।

न्यूज़ देखो: खाद्य सुरक्षा से ही सुरक्षित रहेगा समाज
गुमला में खाद्य सुरक्षा को लेकर की गई यह कार्रवाई जनस्वास्थ्य की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। नियमित निरीक्षण और सख्त निर्देश से मिलों व दुकानों में गुणवत्ता मानकों का पालन सुनिश्चित होगा।
हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सुरक्षित भोजन, स्वस्थ जीवन
खाद्य सुरक्षा केवल प्रशासन की नहीं, हम सबकी जिम्मेदारी है।
खरीदारी करते समय पैकेजिंग और एक्सपायरी तिथि अवश्य जांचें।
मानकों का पालन करने वाले व्यवसायों को प्रोत्साहित करें।
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