झारखंड में बिजली टैरिफ बढ़ाने का प्रस्ताव: घरेलू और औद्योगिक उपभोक्ताओं पर असर

झारखंड में बिजली टैरिफ बढ़ाने का प्रस्ताव: घरेलू और औद्योगिक उपभोक्ताओं पर असर

author News देखो Team
1 Views

रांची: झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (जेबीवीएनएल) ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए बिजली टैरिफ में 30% तक बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया है। यह प्रस्ताव झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग (JSERC) के पास टैरिफ पिटीशन के रूप में दाखिल किया गया है। अंतिम निर्णय जून 2025 तक होने की संभावना है।

मुख्य प्रस्तावित बदलाव

  1. घरेलू उपभोक्ताओं के लिए
  • शहरी क्षेत्र: प्रति यूनिट दर ₹6.65 से ₹8.65 करने का प्रस्ताव।
  • ग्रामीण क्षेत्र: दर ₹6.30 से ₹8.00 प्रति यूनिट करने का सुझाव।
  • फिक्स्ड चार्ज: ₹100 प्रति माह से बढ़ाकर ₹200 प्रति माह।
  1. औद्योगिक उपभोक्ताओं (एचटीएस-1)
  • वर्तमान दर ₹5.85 से बढ़ाकर ₹7.85 प्रति यूनिट।
  1. कॉमर्शियल उपभोक्ताओं (एनडीएस)
  • प्रति यूनिट दर ₹6.10 से बढ़ाकर ₹11.00 करने का प्रस्ताव।
  • फिक्स्ड चार्ज: ₹75 से बढ़ाकर ₹150 प्रति माह।

पिछले आदेश और नई संभावनाएं

सितंबर 2024 में वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए JSERC ने टैरिफ बढ़ाने के प्रस्ताव को खारिज कर दिया था।

इस बार बढ़ती लागत और राजस्व घाटे का हवाला देकर बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया गया है।

सार्वजनिक प्रतिक्रिया और आगे की प्रक्रिया

यह प्रस्ताव आयोग के पास सुनवाई के लिए जाएगा, जिसके बाद उपभोक्ता और अन्य पक्षों की राय ली जाएगी। इस बढ़ोतरी से झारखंड के लाखों उपभोक्ताओं की जेब पर असर पड़ेगा, खासकर ग्रामीण और औद्योगिक क्षेत्रों में।

सरकार और आयोग के बीच चर्चा के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा, लेकिन यदि यह प्रस्ताव पास होता है, तो बिजली की दरें झारखंड में काफी महंगी हो सकती हैं।

यह खबर आपके लिए कितनी महत्वपूर्ण थी?

रेटिंग देने के लिए किसी एक स्टार पर क्लिक करें!

इस खबर की औसत रेटिंग: 0 / 5. कुल वोट: 0

अभी तक कोई वोट नहीं! इस खबर को रेट करने वाले पहले व्यक्ति बनें।

चूंकि आपने इस खबर को उपयोगी पाया...

हमें सोशल मीडिया पर फॉलो करें!

🔔

Notification Preferences

error: