
#कुरडेग #झामुमो_बैठक : गांव-गांव जाकर लोगों की समस्याएं सुनने और जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभ दिलाने पर जोर
- कुरडेग प्रखंड में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की बैठक आयोजित।
- प्रखण्ड अध्यक्ष मो. नसीर अंसारी ने बूथ समितियों को मजबूत करने और सदस्यों को जोड़ने का निर्देश दिया।
- बैठक में मनरेगा योजनाओं में बढ़ती अनियमितताओं पर चर्चा की गई और कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया।
- प्रखंड उपाध्यक्ष लॉरेंतुस कुजूर, कोषाध्यक्ष लोलस खलखो, सचिव अशोक कुमार दास, केंद्रीय समिति सदस्य नुसरत खातून सहित कई पदाधिकारी उपस्थित रहे।
- झामुमो ने ग्रामीणों को सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए सभी कार्यकर्ताओं को सक्रिय रहने का संदेश दिया।
कुरडेग। झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की प्रखंड स्तर की बैठक में बूथ संगठन को मजबूत करने और ग्रामीणों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक की अध्यक्षता प्रखंड अध्यक्ष मो. नसीर अंसारी ने की, जिन्होंने कहा कि प्रत्येक बूथ में सदस्य जोड़कर संगठन को सक्रिय बनाना आवश्यक है। उनका कहना था कि कार्यकर्ता संगठन की रीढ़ हैं और सभी को गांव के अंतिम व्यक्ति तक जाकर लोगों को जोड़ना चाहिए।
बैठक में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने बताया कि पंचायतों में चल रहे मनरेगा योजनाओं में अनियमितता और मनमानी बढ़ती जा रही है। छोटे-से-छोटे काम के लिए आम जनता को बार-बार ऑफिस का चक्कर काटना पड़ रहा है। इस पर प्रखण्ड अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि जनता के अधिकारों से कोई खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा और किसी भी अनियमितता की सूचना तुरंत दी जाए।
प्रखंड अध्यक्ष ने मौके पर कुरडेग प्रखंड विकास पदाधिकारी से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन वे फील्ड विजिट पर थे। बावजूद इसके झामुमो ने संकेत दिया कि अब मनरेगा की गड़बड़ियों पर कड़ी कार्रवाई होगी।
बैठक में प्रमुख उपस्थित पदाधिकारी और सदस्य थे:
- प्रखंड उपाध्यक्ष: लॉरेंतुस कुजूर, चोन्हास बरला
- कोषाध्यक्ष: लोलस खलखो
- सचिव: अशोक कुमार दास
- केंद्रीय समिति सदस्य: नुसरत खातून
- किसान मोर्चा जिला उपाध्यक्ष: जोहान खलखो, जॉर्ज कुजूर, नंदकिशोर साय, अजहर अली
- महिला मोर्चा प्रखंड उपाध्यक्ष: शांति कुजूर, प्रतिमा तिर्की, दिलेश्वर साय, मनोज खलखो, प्रवीण साय, मार्टिन टेटे
जनता के अधिकारों के लिए सक्रियता
झामुमो ने बैठक में सभी कार्यकर्ताओं को यह संदेश दिया कि संगठन का उद्देश्य सिर्फ राजनीति नहीं, बल्कि ग्रामीणों तक सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाना और उनकी समस्याओं का समाधान करना है। इसके लिए गांव-गांव जाकर लोगों की समस्याओं को सुनना और समय पर समाधान सुनिश्चित करना आवश्यक है।
न्यूज़ देखो: ग्रामीण विकास और राजनीतिक संगठन का संतुलन
कुरडेग में हुई इस बैठक ने दिखाया कि राजनीतिक संगठन ग्रामीण जनता तक सीधे पहुँचकर उनके अधिकार सुनिश्चित कर सकते हैं। बूथ स्तर पर सक्रियता और समस्याओं के शीघ्र समाधान से ग्रामीण जीवन में सुधार और सरकारी योजनाओं की प्रभावशीलता बढ़ सकती है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सक्रिय रहें और बदलाव लाएं
ग्रामीण समस्याओं को सुनना और उनका समाधान करना हर कार्यकर्ता की जिम्मेदारी है। इस संदेश को साझा करें, अपने आसपास लोगों को जागरूक करें और सुनिश्चित करें कि हर योजना का लाभ वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचे। समुदाय के विकास में सक्रिय भागीदारी लें और बदलाव का हिस्सा बनें।







