
#चतरा #पत्रकार_सम्मेलन : प्रदेश स्तरीय सम्मेलन में डिजिटल मीडिया की चुनौतियों और पत्रकार कल्याण योजनाओं पर हुई विस्तृत चर्चा।
सीसीएल पिपरवार क्षेत्र के बचरा ऑफिसर क्लब में झारखंड जर्नलिस्ट एसोसिएशन द्वारा प्रदेश स्तरीय सम्मेलन सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राज्यभर से आए पत्रकारों ने डिजिटल मीडिया की विश्वसनीयता, पेशेगत चुनौतियों और पत्रकार कल्याण योजनाओं पर गंभीर मंथन किया। वक्ताओं ने सरकार से ठोस पहल की मांग की।
- बचरा ऑफिसर क्लब, पिपरवार में प्रदेश स्तरीय पत्रकार सम्मेलन आयोजित।
- “डिजिटल मीडिया की विश्वसनीयता एवं चुनौतियां” विषय पर हुई कार्यशाला।
- संस्थापक शाहनवाज हसन ने झारखंड में पत्रकार सुविधाओं के अभाव पर जताई चिंता।
- प्रदेश अध्यक्ष संपूर्णा नंद भारती ने पत्रकारों की विश्वसनीयता पर उठे सवालों को बताया अनुचित।
- विभिन्न जिलों से पहुंचे सैकड़ों पत्रकार, कई गणमान्य अतिथि रहे मौजूद।
चतरा जिले के पिपरवार स्थित सीसीएल क्षेत्र के बचरा ऑफिसर क्लब में शनिवार को भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ की झारखंड राज्य इकाई झारखंड जर्नलिस्ट एसोसिएशन पिपरवार नगर कमेटी द्वारा एक दिवसीय प्रदेश स्तरीय सम्मेलन सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। सम्मेलन में रांची, हजारीबाग, कोडरमा, चतरा, लातेहार, पलामू, गढ़वा, साहिबगंज और पाकुड़ सहित कई जिलों से पत्रकार बड़ी संख्या में शामिल हुए।
डिजिटल मीडिया की विश्वसनीयता पर गहन मंथन
कार्यशाला का मुख्य विषय “डिजिटल मीडिया की विश्वसनीयता एवं चुनौतियां” रहा। झारखंड जर्नलिस्ट एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संपूर्णा नंद भारती ने कहा कि पत्रकारों के सामने आज अनेक चुनौतियां हैं, लेकिन उनकी विश्वसनीयता पर प्रश्नचिन्ह लगाना उचित नहीं है।
“डिजिटल युग में सब कुछ एक फिंगर टिप पर उपलब्ध है। ऐसे में डिजिटल मीडिया की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है, लेकिन यह चुनौतियों से भी घिरी हुई है। सबसे पहले खबर देने की होड़ में बिना पड़ताल के खबर चलाना खतरनाक है।”
उन्होंने कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़ा हर व्यक्ति सूचना प्रसारित कर रहा है, ऐसे में आचार संहिता का पालन और सीमाओं की समझ आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि भ्रष्टाचार उजागर करने वाले पत्रकारों को अक्सर झूठे मुकदमों में फंसाया जाता है, जिससे निपटने के लिए संगठनात्मक एकता जरूरी है।
पत्रकार सुविधाओं के अभाव पर तीखी टिप्पणी
भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ एवं झारखंड जर्नलिस्ट एसोसिएशन के संस्थापक शाहनवाज हसन ने झारखंड सरकार पर पत्रकारों के प्रति उदासीन रवैया अपनाने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि राज्य में पत्रकार पेंशन योजना, स्वास्थ्य बीमा योजना जैसी सुविधाएं अब तक लागू नहीं की गई हैं, जबकि मध्य प्रदेश, हरियाणा और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में ऐसी योजनाएं संचालित हैं।
“विधायक और मंत्री बीमार पड़ते हैं तो चार्टर प्लेन से इलाज के लिए भेजे जाते हैं, लेकिन कोई पत्रकार दुर्घटना में घायल होता है तो उसे तत्काल सरकारी सहायता नहीं मिलती।”
उन्होंने कहा कि यदि हालात नहीं बदले तो संगठन मजबूती से अपनी आवाज बुलंद करेगा।
अतिथियों ने भी रखी अपनी बात
कार्यक्रम में मुख्य विशिष्ट अतिथि के रूप में सीसीएल के जीएम ईएंडटी एसके सिंह, झामुमो सिमरिया विधानसभा प्रभारी मनोज चंद्रा, पिपरवार थाना प्रभारी अभय कुमार, महालक्ष्मी कंपनी के प्रोजेक्ट इंचार्ज राजु भाई पटेल, आरवीएम केंद्रीय उपाध्यक्ष इकबाल हुसैन, मुखिया रीना देवी और सांसद प्रतिनिधि रविन्द्र सिंह उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष संपूर्णानंद भारती ने की, जबकि संचालन रविंद्र कुमार सिंह और मासूम अंसारी ने संयुक्त रूप से किया। दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई तथा बचरा हाई स्कूल की छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया।
जीएम एसके सिंह ने निष्पक्ष और पारदर्शी पत्रकारिता की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि डिजिटल मीडिया पर भ्रामक खबरों को रोकना ईमानदार पत्रकारों का दायित्व है।
झामुमो नेता मनोज चंद्रा ने कहा कि पत्रकार कठिन परिस्थितियों में अपना कर्तव्य निभा रहे हैं और झारखंड में भी अन्य राज्यों की तरह सुविधाएं मिलनी चाहिए। उन्होंने मुख्यमंत्री से मिलकर समस्याओं को रखने का आश्वासन दिया।
व्यापक भागीदारी और सम्मान समारोह
कार्यक्रम में संगठन के आजीवन सदस्य सुभाषिष झा, चतरा प्रेस क्लब अध्यक्ष सुनील कश्यप, प्रदेश सचिव अजीत सिन्हा, रांची जिला अध्यक्ष पंकज कुमार सिंह, हजारीबाग जिला अध्यक्ष कृष्ण गुप्ता, कोडरमा जिला महासचिव अनिल सिंहा, चतरा जिला अध्यक्ष महेंद्र यादव सहित विभिन्न जिलों से आए सैकड़ों पत्रकार उपस्थित थे।
अतिथियों को अंगवस्त्र, पौधा, शॉल और मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। धन्यवाद ज्ञापन पिपरवार के कार्यकारी अध्यक्ष नरेश चंद्र चौरसिया ने किया। कार्यक्रम की सफलता में नगर कमेटी के कई सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
न्यूज़ देखो: सवाल केवल सुविधा का नहीं, सुरक्षा और सम्मान का भी
पिपरवार सम्मेलन ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया कि पत्रकारिता केवल पेशा नहीं, बल्कि लोकतंत्र का महत्वपूर्ण स्तंभ है। डिजिटल युग में जहां सूचना की रफ्तार तेज हुई है, वहीं जिम्मेदारी भी बढ़ी है। राज्य में पत्रकार कल्याण योजनाओं पर गंभीर पहल समय की मांग है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
मजबूत पत्रकारिता, मजबूत लोकतंत्र
पत्रकारों की सुरक्षा और सम्मान लोकतंत्र की मजबूती से जुड़ा है।
सत्य और निष्पक्षता के लिए आवाज उठाना जरूरी है।
संगठित प्रयास ही सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं।
जनता और पत्रकारों के बीच विश्वास का सेतु मजबूत होना चाहिए।
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