
#विश्रामपुर #संगठन_नियुक्ति : सवर्ण आर्मी ने कमलेश पाठक को सौंपी प्रदेश की जिम्मेदारी।
पलामू जिले के पांडू प्रखंड निवासी कमलेश पाठक को सवर्ण आर्मी संगठन का झारखंड प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वेश पांडेय और राष्ट्रीय संरक्षक व सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता अनिल मिश्रा द्वारा की गई। नियुक्ति की सूचना मिलते ही क्षेत्र में समर्थकों और समाज के लोगों में उत्साह का माहौल बन गया। इस नियुक्ति को संगठन विस्तार और सामाजिक सक्रियता के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
- कमलेश पाठक को सवर्ण आर्मी का झारखंड प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया।
- नियुक्ति राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वेश पांडेय व राष्ट्रीय संरक्षक अनिल मिश्रा ने की।
- सूचना मिलते ही ब्राह्मण समाज व समर्थकों में खुशी की लहर।
- कमलेश पाठक ने नेतृत्व पर जताया आभार।
- झारखंड में विशाल जनसभा आयोजित करने की घोषणा।
- सामाजिक अधिकारों और सम्मान की लड़ाई का संकल्प।
पलामू जिले के विश्रामपुर अनुमंडल अंतर्गत पांडू प्रखंड के लिए यह खबर राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। क्षेत्र के चर्चित सामाजिक चेहरे कमलेश पाठक को सवर्ण आर्मी संगठन का झारखंड प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने के बाद समर्थकों और समाज के लोगों में उत्साह का माहौल है। यह नियुक्ति संगठन को राज्य स्तर पर मजबूती देने की दिशा में एक अहम कदम के रूप में देखी जा रही है।
संगठन नेतृत्व का निर्णय, राज्य को मिली नई दिशा
सवर्ण आर्मी संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वेश पांडेय और राष्ट्रीय संरक्षक सह सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता अनिल मिश्रा ने संयुक्त रूप से कमलेश पाठक को झारखंड प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है। बताया गया कि नियुक्ति की सूचना कमलेश पाठक को कुछ ही समय पहले दी गई, जिसके बाद यह खबर तेजी से क्षेत्र में फैल गई।
संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों का मानना है कि कमलेश पाठक के नेतृत्व में झारखंड में संगठनात्मक गतिविधियों को नई गति मिलेगी और समाज से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठाया जाएगा।
ब्राह्मण समाज और समर्थकों में खुशी
जैसे ही कमलेश पाठक के प्रदेश अध्यक्ष बनने की सूचना मिली, वैसे ही पांडू प्रखंड सहित पूरे विश्रामपुर क्षेत्र में उनके समर्थकों और ब्राह्मण समाज के लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। लोगों ने एक-दूसरे को बधाइयां दीं और सोशल मीडिया तथा प्रत्यक्ष मुलाकात के जरिए कमलेश पाठक को शुभकामनाएं दी गईं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कमलेश पाठक लंबे समय से सामाजिक मुद्दों को लेकर सक्रिय रहे हैं और उनकी पहचान एक मुखर और जमीनी नेता के रूप में रही है। ऐसे में उन्हें प्रदेश स्तर की जिम्मेदारी मिलना स्वाभाविक कदम है।
कमलेश पाठक ने जताया आभार
प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने पर कमलेश पाठक ने संगठन के शीर्ष नेतृत्व का आभार प्रकट किया।
कमलेश पाठक ने कहा: “मैं सवर्ण आर्मी के राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वेश पांडेय और राष्ट्रीय संरक्षक अनिल मिश्रा का आभारी हूं, जिन्होंने मुझ पर भरोसा जताकर यह जिम्मेदारी सौंपी। मैं संगठन की उम्मीदों पर खरा उतरने का हर संभव प्रयास करूंगा।”
उन्होंने यह भी कहा कि यह पद उनके लिए सम्मान के साथ-साथ बड़ी जिम्मेदारी भी है।
झारखंड में जनसभा का ऐलान
नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष कमलेश पाठक ने अपने बयान में स्पष्ट किया कि वे झारखंड में ब्राह्मण समाज से जुड़े मुद्दों को लेकर सक्रिय भूमिका निभाएंगे। उन्होंने कहा कि समाज के साथ हो रहे कथित अत्याचार और उपेक्षा के खिलाफ जल्द ही एक विशाल जनसभा का आयोजन किया जाएगा।
कमलेश पाठक ने कहा: “ब्राह्मण समाज के सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए हम संगठित होकर आवाज उठाएंगे। झारखंड में जल्द ही एक बड़ी जनसभा कर समाज को एकजुट करने का काम किया जाएगा।”
उनके इस बयान के बाद संगठन के कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा देखी जा रही है।
संगठन विस्तार पर रहेगा फोकस
सवर्ण आर्मी संगठन के सूत्रों के अनुसार, कमलेश पाठक के नेतृत्व में झारखंड में जिला और प्रखंड स्तर पर संगठन को मजबूत किया जाएगा। नए सदस्यों को जोड़ने, बैठकें आयोजित करने और समाज से जुड़े मुद्दों को प्रशासन तक पहुंचाने की रणनीति पर काम किया जाएगा।
प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद कमलेश पाठक की प्राथमिकताओं में संगठनात्मक ढांचा मजबूत करना, युवाओं को जोड़ना और सामाजिक संवाद को बढ़ाना शामिल बताया जा रहा है।
क्षेत्रीय राजनीति में भी असर
कमलेश पाठक की नियुक्ति को केवल संगठनात्मक नहीं, बल्कि क्षेत्रीय राजनीति के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है। जानकारों का कहना है कि इससे पांडू और विश्रामपुर क्षेत्र में सामाजिक समीकरणों पर असर पड़ सकता है और आने वाले समय में राजनीतिक गतिविधियां भी तेज हो सकती हैं।
स्थानीय स्तर पर यह चर्चा भी शुरू हो गई है कि संगठन के माध्यम से सामाजिक मुद्दों को किस तरह राज्य सरकार और प्रशासन के सामने रखा जाएगा।
न्यूज़ देखो: सामाजिक संगठन में नई जिम्मेदारी का असर
कमलेश पाठक की प्रदेश अध्यक्ष के रूप में नियुक्ति यह दर्शाती है कि सवर्ण आर्मी संगठन झारखंड में अपनी सक्रियता बढ़ाने की दिशा में गंभीर है। यह नियुक्ति संगठन के विस्तार के साथ-साथ सामाजिक मुद्दों को मंच देने का प्रयास भी है। अब यह देखना अहम होगा कि घोषित जनसभा और आगे की गतिविधियों से राज्य स्तर पर क्या प्रभाव पड़ता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
जिम्मेदारी के साथ नेतृत्व की परीक्षा
नई जिम्मेदारी नए अवसर और नई चुनौतियां लेकर आती है। समाज के हित में किए गए प्रयास ही किसी नेतृत्व की असली पहचान बनते हैं। आने वाला समय बताएगा कि यह नियुक्ति झारखंड में सामाजिक संवाद को किस दिशा में ले जाती है।
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