#सिमडेगा #पशुतस्करीमामला : कुरडेग क्षेत्र में पुलिस ने छापेमारी कर तीन आरोपियों को पकड़ा।
सिमडेगा जिले के कुरडेग थाना क्षेत्र में पुलिस ने 15 अप्रैल 2026 की रात गौवंशीय पशु तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए तीन लोगों को गिरफ्तार किया। गुप्त सूचना के आधार पर की गई छापेमारी में वाहन भी जब्त किए गए। पुलिस उपाधीक्षक रणवीर सिंह ने प्रेस वार्ता कर मामले का खुलासा किया। यह कार्रवाई क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण के लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
- 15 अप्रैल 2026 की रात कुरडेग क्षेत्र में पुलिस की छापेमारी।
- मो. आयूब, मो. शहबाज अंसारी और केशव यादव गिरफ्तार।
- मौके से अल्टो कार (JH01BH 6595) और पिकअप वैन (JH01FB 4373) जब्त।
- पुलिस को देख तस्कर भागे, अन्य आरोपी जंगल का फायदा उठाकर फरार।
- कार्रवाई में थाना प्रभारी विनय कुमार की टीम की अहम भूमिका।
सिमडेगा जिले के कुरडेग थाना क्षेत्र में गौवंशीय पशुओं की तस्करी के खिलाफ पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। 15 अप्रैल 2026 की देर रात मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की, जिसमें वाहन जब्त किए गए और आरोपियों को मौके से पकड़ लिया गया। पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध तस्करी के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
गुप्त सूचना पर हुई त्वरित कार्रवाई
पुलिस उपाधीक्षक रणवीर सिंह ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि 15 अप्रैल 2026 की रात करीब 1:30 बजे सूचना मिली थी कि कुछ तस्कर पिकअप वैन के जरिए गौवंशीय पशुओं को ले जा रहे हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने कुरडेग-सिमडेगा मुख्य मार्ग पर घेराबंदी कर छापेमारी शुरू कर दी। पुलिस की सक्रियता और त्वरित निर्णय के कारण यह कार्रवाई सफल रही।
रणवीर सिंह ने कहा: “गुप्त सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई की गई, जिससे तस्करी के इस प्रयास को विफल किया जा सका। आगे भी ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।”
मौके से तीन आरोपी गिरफ्तार, अन्य फरार
छापेमारी के दौरान पुलिस को देखते ही तस्कर वाहन छोड़कर भागने लगे। हालांकि पुलिस बल की तत्परता के कारण तीन आरोपियों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मो. आयूब (30 वर्ष), मो. शहबाज अंसारी (23 वर्ष) और केशव यादव (44 वर्ष) के रूप में की गई है।
वहीं अन्य आरोपी अंधेरे और जंगल का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहे।
भागने के दौरान गौवंशीय पशु भी जंगल की ओर भाग गए, जिससे उनका पता नहीं चल सका।
वाहन जब्त, पूछताछ में हुआ खुलासा
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान आरोपियों के पास से एक अल्टो कार (संख्या JH01BH 6595) और एक पिकअप वैन (संख्या JH01FB 4373) जब्त की है।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे गौवंशीय पशुओं की खरीद-बिक्री से जुड़े हुए हैं।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
थाना प्रभारी के नेतृत्व में टीम की अहम भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में कुरडेग थाना प्रभारी विनय कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सक्रिय भूमिका निभाई।
टीम की सतर्कता और समन्वय के कारण ही तस्करों को पकड़ने में सफलता मिली।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में इस तरह की अवैध गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
न्यूज़ देखो: अवैध तस्करी पर सख्ती से लगाम जरूरी
कुरडेग में हुई यह कार्रवाई दिखाती है कि पुलिस प्रशासन अब गौवंशीय पशु तस्करी जैसे संवेदनशील मामलों में सक्रियता से काम कर रहा है। हालांकि कुछ आरोपी फरार होने में सफल रहे, जिससे यह सवाल उठता है कि निगरानी व्यवस्था को और मजबूत कैसे किया जाए। इस तरह के मामलों में निरंतर अभियान और स्थानीय स्तर पर सतर्कता बेहद जरूरी है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
जागरूकता और सहयोग से ही रुकेगी अवैध तस्करी
समाज में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए केवल पुलिस की भूमिका ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों की भागीदारी भी जरूरी है।
अगर किसी को इस तरह की गतिविधियों की जानकारी मिले, तो तुरंत प्रशासन को सूचित करना चाहिए।
युवाओं को भी जागरूक होकर कानून के प्रति जिम्मेदार बनना होगा।
सही समय पर उठाया गया कदम कई अपराधों को रोक सकता है।
