
#गढ़वा #वारदात : देर रात ताला तोड़कर नकदी और कीमती सामान पर किया हाथ साफ।
गढ़वा जिले के मझिआंव थाना क्षेत्र में बुधवार देर रात एक सीमेंट दुकान में बड़ी चोरी की वारदात सामने आई है। चोरों ने चंद्रवंशी पेट्रोल पंप के समीप स्थित दुकान का ताला तोड़कर करीब पांच लाख रुपये नकद समेत कीमती सामान चोरी कर लिया। घटना की जानकारी गुरुवार सुबह दुकान खुलने पर मिली, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, लेकिन घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
- मझिआंव थाना क्षेत्र के चंद्रवंशी पेट्रोल पंप के पास स्थित सीमेंट दुकान को बनाया गया निशाना।
- दुकान संचालक सत्येंद्र पांडेय के कैश काउंटर से लगभग पांच लाख रुपये नकद चोरी।
- लक्ष्मी-गणेश अंकित दो पुराने चांदी के सिक्के और सीसीटीवी हार्ड डिस्क भी ले गए चोर।
- घटना की सूचना पर 112 नंबर पर कॉल, पुलिस लगभग डेढ़ घंटे बाद पहुंची।
- थाना प्रभारी ओमप्रकाश टोप्पो ने जल्द खुलासे का भरोसा दिलाया।
बुधवार की देर रात मझिआंव थाना क्षेत्र में एक बार फिर चोरी की बड़ी घटना ने व्यापारियों और स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ा दी है। चंद्रवंशी पेट्रोल पंप के समीप स्थित सत्येंद्र पांडेय की सीमेंट दुकान को चोरों ने अपना निशाना बनाया और पूरी तैयारी के साथ वारदात को अंजाम दिया। गुरुवार सुबह जब दुकानदार दुकान खोलने पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि कैश काउंटर का ताला टूटा हुआ है और अंदर रखा सारा सामान बिखरा पड़ा है। काउंटर की जांच करने पर पता चला कि बड़ी रकम और अन्य कीमती वस्तुएं गायब हैं।
कैसे हुई चोरी की वारदात
दुकानदार सत्येंद्र पांडेय के अनुसार, उनकी दुकान रोज की तरह बुधवार रात बंद की गई थी। रात के अंधेरे का फायदा उठाते हुए चोरों ने पहले कैश काउंटर का ताला तोड़ा और फिर अंदर रखे लगभग पांच लाख रुपये नकद निकाल लिए। इसके साथ ही दुकान में सुरक्षित रखे लक्ष्मी-गणेश भगवान का चित्र अंकित दो पुराने चांदी के सिक्के भी चोर ले गए। चोरों ने पहचान से बचने के लिए दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे की हार्ड डिस्क भी निकाल ली, ताकि उनके चेहरे और गतिविधियां रिकॉर्ड न हो सकें।
सुबह सामने आई घटना, पुलिस को दी गई सूचना
गुरुवार की सुबह जब सत्येंद्र पांडेय दुकान पहुंचे, तो टूटा ताला और खाली कैश काउंटर देखकर वे स्तब्ध रह गए। उन्होंने तत्काल 112 नंबर पर कॉल कर पुलिस को घटना की सूचना दी। पीड़ित दुकानदार का कहना है कि सूचना देने के बावजूद पुलिस करीब डेढ़ घंटे बाद मौके पर पहुंची। इस देरी को लेकर उन्होंने नाराजगी भी जताई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दुकान का निरीक्षण किया, आसपास के लोगों से पूछताछ की और प्रारंभिक जांच के बाद लौट गई।
थाने में दर्ज कराई गई लिखित शिकायत
घटना के बाद सत्येंद्र पांडेय ने मझिआंव थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में उन्होंने चोरी गई नकदी, चांदी के सिक्कों और सीसीटीवी हार्ड डिस्क का स्पष्ट विवरण दिया है। दुकानदार का कहना है कि यह रकम व्यापार के लिए रखी गई थी और इतनी बड़ी चोरी से उनका आर्थिक संतुलन बिगड़ गया है। उन्होंने पुलिस से जल्द से जल्द चोरों की गिरफ्तारी और चोरी का खुलासा करने की मांग की है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच की दिशा
इस मामले में मझिआंव थाना प्रभारी ओमप्रकाश टोप्पो ने बताया कि पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा:
थाना प्रभारी ओमप्रकाश टोप्पो ने कहा: “आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं और संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। जल्द ही चोरों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।”
पुलिस आसपास की दुकानों, पेट्रोल पंप और सड़क किनारे लगे कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि चोरों की पहचान की जा सके। इसके अलावा संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए संभावित अपराधियों से पूछताछ भी की जा रही है।
व्यापारियों में दहशत, सुरक्षा पर सवाल
इस घटना के बाद मझिआंव और आसपास के इलाकों में व्यापारियों के बीच दहशत का माहौल है। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से वे खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। कई व्यापारियों ने रात में गश्त बढ़ाने और बाजार क्षेत्रों में पुलिस की नियमित निगरानी की मांग की है। उनका कहना है कि यदि सीसीटीवी हार्ड डिस्क तक चोरी हो जा रही है, तो अपराधियों के हौसले कितने बुलंद हैं, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है।
स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
स्थानीय नागरिकों का मानना है कि चोरी की यह घटना केवल एक दुकान तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे क्षेत्र की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। लोगों ने मांग की है कि पुलिस केवल आश्वासन न दे, बल्कि जल्द से जल्द ठोस कार्रवाई कर चोरों को पकड़े, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
न्यूज़ देखो: सुरक्षा व्यवस्था की हकीकत सामने
मझिआंव में हुई यह चोरी की घटना स्थानीय सुरक्षा व्यवस्था की कमजोर कड़ी को उजागर करती है। बड़ी रकम और कीमती सामान की चोरी, वह भी सीसीटीवी हार्ड डिस्क के साथ, अपराधियों की सुनियोजित तैयारी को दर्शाती है। पुलिस की देरी और बढ़ती वारदातें यह सवाल उठाती हैं कि रात्रि गश्त और निगरानी कितनी प्रभावी है। अब देखना होगा कि पुलिस कितनी तेजी से इस मामले का खुलासा कर पाती है और व्यापारियों का भरोसा बहाल कर पाती है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सुरक्षित बाजार, सजग समाज की जरूरत
चोरी की घटनाएं केवल एक व्यक्ति की समस्या नहीं होतीं, बल्कि पूरे समाज की चिंता बन जाती हैं। जब व्यापारी सुरक्षित होंगे, तभी बाजार और स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। जरूरी है कि नागरिक और प्रशासन मिलकर सुरक्षा को प्राथमिकता दें और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत सूचना दें।
आपका एक छोटा सा कदम बड़ी घटना को रोक सकता है। अपनी राय कमेंट के माध्यम से साझा करें, खबर को आगे बढ़ाएं और जागरूकता फैलाकर सुरक्षित समाज के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं।





