
#गिरिडीह #धार्मिक_अनुष्ठान : शतचंडी महायज्ञ सह पिंडी प्राण प्रतिष्ठा में सांसद की सहभागिता, जनसमस्याओं का भी हुआ त्वरित समाधान।
गिरिडीह संसदीय क्षेत्र अंतर्गत गादी श्रीरामपुर स्थित चतरो में आयोजित श्री श्री 108 श्री शतचंडी महायज्ञ सह पिंडी प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में माननीय गिरिडीह सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने वैदिक अनुष्ठानों में सहभागिता कर धर्म लाभ प्राप्त किया और क्षेत्रवासियों के सुख-समृद्धि की कामना की। कार्यक्रम के दौरान सांसद ने स्थानीय ग्रामीणों से संवाद कर उनकी समस्याओं को सुना और कई मामलों का मौके पर ही समाधान किया। यह आयोजन आस्था, अध्यात्म और सामाजिक समरसता का जीवंत उदाहरण बना।
- गादी श्रीरामपुर, चतरो में आयोजित शतचंडी महायज्ञ सह पिंडी प्राण प्रतिष्ठा
- गिरिडीह सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी ने धार्मिक अनुष्ठान में की सहभागिता
- वैदिक विधि-विधान से संपन्न हुआ महायज्ञ, श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़
- सांसद ने स्थानीय लोगों की समस्याएं सुनीं, कई का तत्काल समाधान
- आयोजन समिति और ग्रामीणों की व्यवस्थाओं की सराहना
गिरिडीह जिले के गादी श्रीरामपुर स्थित चतरो गांव में आयोजित श्री श्री 108 श्री शतचंडी महायज्ञ सह पिंडी का प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम इन दिनों पूरे क्षेत्र में आस्था और श्रद्धा का केंद्र बना हुआ है। इसी क्रम में माननीय गिरिडीह सांसद श्री चंद्र प्रकाश चौधरी ने कार्यक्रम में शिरकत कर वैदिक अनुष्ठानों में भाग लिया। धार्मिक वातावरण, मंत्रोच्चार और यज्ञ की पवित्र अग्नि के बीच श्रद्धालुओं ने अध्यात्मिक ऊर्जा का अनुभव किया।
शतचंडी महायज्ञ में सांसद की सहभागिता
कार्यक्रम के दौरान सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी ने विधिवत रूप से शतचंडी महायज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। उन्होंने इस दिव्य अवसर को अपने लिए सौभाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक चेतना का संचार होता है। यज्ञ स्थल पर मौजूद श्रद्धालुओं के बीच अनुशासन, भक्ति और सामूहिक सहभागिता का अद्भुत दृश्य देखने को मिला।
आयोजन समिति और ग्रामीणों की सराहना
सांसद ने महायज्ञ के सफल आयोजन के लिए आयोजन समिति एवं समस्त ग्रामीणों की खुले दिल से प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि जिस तरह से प्रत्येक व्यवस्था—सुरक्षा, स्वच्छता, पूजा-पाठ और श्रद्धालुओं की सुविधा—पर ध्यान दिया गया है, वह सराहनीय है। ऐसे आयोजनों से न केवल धार्मिक आस्था मजबूत होती है, बल्कि सामाजिक एकता भी सुदृढ़ होती है।
क्षेत्रवासियों के लिए की मंगलकामना
धार्मिक अनुष्ठान के पश्चात सांसद ने माँ भगवती और भगवान श्री कृष्ण से समस्त क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि, शांति और मंगलमय जीवन की प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि आध्यात्मिक आयोजनों से समाज में सकारात्मक सोच का विकास होता है और लोग आपसी सहयोग की भावना से आगे बढ़ते हैं।
जनसंवाद के दौरान समस्याओं का समाधान
महायज्ञ कार्यक्रम के दौरान सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी ने स्थानीय ग्रामीणों से सीधा संवाद भी किया। इस दौरान लोगों ने अपनी व्यक्तिगत और क्षेत्रीय समस्याओं से उन्हें अवगत कराया। सांसद ने कई समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया, जबकि कुछ मामलों में प्रक्रिया के तहत शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया। इस जनसंवाद से ग्रामीणों में संतोष और विश्वास का माहौल देखने को मिला।
आस्था और सामाजिक समरसता का संदेश
गादी श्रीरामपुर चतरो में आयोजित यह महायज्ञ केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आस्था, अध्यात्म और सामाजिक समरसता का प्रतीक बनकर उभरा। विभिन्न गांवों से आए श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से पूजा-अर्चना कर सामाजिक सौहार्द का संदेश दिया।
न्यूज़ देखो: धर्म और जनसेवा का संतुलित स्वरूप
शतचंडी महायज्ञ में सांसद की सहभागिता यह दर्शाती है कि जनप्रतिनिधि धार्मिक आस्था के साथ-साथ जनसेवा को भी समान महत्व दे रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान समस्याओं का त्वरित समाधान प्रशासन और जनता के बीच विश्वास को मजबूत करता है। आने वाले समय में ऐसे आयोजनों से सामाजिक एकता और सहभागिता और अधिक सशक्त होगी।
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आस्था से सेवा तक, यही है सशक्त समाज की पहचान
धार्मिक आयोजनों में सहभागिता केवल पूजा तक सीमित नहीं, बल्कि जनसंवाद और समाधान का माध्यम भी बन सकती है।
जब जनप्रतिनिधि लोगों के बीच पहुंचते हैं, तो विश्वास और संवाद दोनों मजबूत होते हैं।
आप भी ऐसे आयोजनों में सक्रिय भागीदारी निभाएं और समाज में सकारात्मक बदलाव का हिस्सा बनें।
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जय माता दी 🙏





