
#लातेहार #महिला_दिवस : बेतला में पीटीआर प्रबंधन का कार्यक्रम — महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण और सम्मान।
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर पलामू टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने बेतला में ‘बाघ दीदी’ कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं की वन संरक्षण में भागीदारी बढ़ाना और उन्हें कौशल प्रशिक्षण के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना था। इस दौरान प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिलाओं को सम्मानित भी किया गया।
- बेतला स्थित एनआईसी सभागार में पीटीआर प्रबंधन द्वारा ‘बाघ दीदी’ कार्यक्रम आयोजित।
- कार्यक्रम का उद्घाटन मनिका विधायक रामचंद्र सिंह सहित अन्य अतिथियों ने किया।
- महिलाओं को ‘हुनर से रोजगार’ प्रशिक्षण के तहत विभिन्न कौशल सिखाए जा रहे।
- प्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं को ‘बाघ दीदी’ की उपाधि देकर सम्मानित किया गया।
- जल, जंगल, जमीन और वन्यजीव संरक्षण के लिए सामूहिक संकल्प दिलाया गया।
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर पलामू टाइगर रिजर्व (पीटीआर) प्रबंधन द्वारा बेतला स्थित एनआईसी सभागार में पहली बार ‘बाघ दीदी’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को वन और वन्यजीव संरक्षण से जोड़ना तथा कौशल प्रशिक्षण के माध्यम से उन्हें आत्मनिर्भर बनाना था।
कार्यक्रम का उद्घाटन मनिका विधायक रामचंद्र सिंह, जिला परिषद सदस्य संतोषी शेखर, पीटीआर के उप निदेशक प्रजेशकांत जेना, रेंजर उमेश कुमार दुबे और अजय टोप्पो ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। कार्यक्रम की शुरुआत ‘हुनर से रोजगार’ प्रशिक्षण ले रही महिलाओं द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुत कर की गई। इसके बाद अतिथियों ने संयुक्त रूप से केक काटकर महिला दिवस मनाया।
महिलाओं की बढ़ती भूमिका पर जोर
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक रामचंद्र सिंह ने कहा कि आज महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति जागरूक हो चुकी हैं और समाज के हर क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि महिलाएं आज शिक्षा, रोजगार और सामाजिक नेतृत्व के क्षेत्र में भी लगातार आगे बढ़ रही हैं।
उन्होंने कहा, “देश के विकास के साथ-साथ पलामू टाइगर रिजर्व के जल, जंगल और वन्यजीवों के संरक्षण में भी महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका हो सकती है।”
उन्होंने महिलाओं को आगे बढ़ने और समाज के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाने के लिए प्रेरित किया।
‘हुनर से रोजगार’ कार्यक्रम से मिल रहा प्रशिक्षण
पीटीआर के उप निदेशक प्रजेशकांत जेना ने बताया कि परियोजना क्षेत्र की बेरोजगार युवतियों को कौशल विकास प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ‘हुनर से रोजगार’ कार्यक्रम के तहत महिलाओं को कई तरह के व्यावसायिक प्रशिक्षण दिए जा रहे हैं।
इन प्रशिक्षणों में रेडियो संचालन, कंप्यूटर प्रशिक्षण, सिलाई-कढ़ाई, वाहन संचालन, ब्यूटीशियन सहित कई प्रकार के कौशल शामिल हैं। इनका उद्देश्य महिलाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना और उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है।
‘बाघ दीदी’ के रूप में किया गया सम्मान
कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिलाओं को ‘बाघ दीदी’ की उपाधि देकर सम्मानित किया गया। इसके साथ ही उन्हें वन और वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया।
महिलाओं ने जल, जंगल, जमीन और वन्यजीवों की रक्षा के लिए सामूहिक संकल्प भी लिया। पीटीआर प्रबंधन का मानना है कि स्थानीय समुदाय और खासकर महिलाओं की भागीदारी से वन संरक्षण के प्रयास और अधिक मजबूत हो सकते हैं।
बड़ी संख्या में लोग रहे उपस्थित
कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि, वनकर्मी और स्थानीय लोग भी मौजूद रहे। इस अवसर पर कांग्रेस अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष सह बीस सूत्री अध्यक्ष नसीम अंसारी, वनपाल संतोष कुमार, गुलशन कुमार, नैनी मधु, संतोष सिंह, विजय बहादुर सिंह, हरीश सिंह, पिंटू सिंह और फैज अहमद सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।
कार्यक्रम के दौरान महिलाओं की उपलब्धियों की सराहना की गई और उन्हें समाज के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रोत्साहित किया गया।

न्यूज़ देखो विशेष: संरक्षण और सशक्तिकरण का नया प्रयास
पलामू टाइगर रिजर्व में आयोजित ‘बाघ दीदी’ कार्यक्रम महिलाओं को वन संरक्षण से जोड़ने की एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। जब स्थानीय समुदाय, खासकर महिलाएं, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण में भागीदारी करती हैं तो पर्यावरण संरक्षण के प्रयास अधिक प्रभावी हो जाते हैं।
ऐसे कार्यक्रम न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर देते हैं, बल्कि समाज में उनकी भूमिका को भी मजबूत करते हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और जागरूकता दोनों को बढ़ावा मिलता है।
सशक्त महिलाएं ही मजबूत समाज की नींव
महिलाओं को शिक्षा, कौशल और अवसर मिलने पर वे न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे समाज के विकास में योगदान देती हैं। आज जरूरत है कि महिलाओं को हर क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जाए।
यदि आपके क्षेत्र में भी महिलाओं से जुड़ा कोई प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित हो रहा है, तो उसकी जानकारी ‘न्यूज़ देखो’ तक जरूर पहुंचाएं।






