#गढ़वा #अतिक्रमण_कार्रवाई : समाहरणालय के पास स्कूल भूमि पर कब्जे की कोशिश प्रशासन ने तुरंत रोकी।
गढ़वा में समाहरणालय के पास स्थित स्कूल भूमि पर अतिक्रमण की कोशिश को प्रशासन ने तुरंत विफल कर दिया। एसडीएम संजय कुमार ने शिकायत मिलने के कुछ ही मिनटों में मौके पर पहुंचकर अवैध निर्माण ध्वस्त कराया। करीब तीन फीट ऊंची बनाई गई बाउंड्री को तोड़ा गया। प्रशासन ने मामले की जांच और निगरानी के निर्देश दिए हैं।
- एसडीएम संजय कुमार ने त्वरित कार्रवाई कर अतिक्रमण रोका।
- स्कूल की सरकारी जमीन पर बन रही अवैध बाउंड्री ध्वस्त।
- तीन फीट ऊंची दीवार का निर्माण मौके पर तोड़ा गया।
- अंचल अधिकारी सफी आलम को सामग्री जब्त करने का निर्देश।
- मुखिया अशोक चंद्रवंशी को निगरानी और जांच की जिम्मेदारी।
गढ़वा में समाहरणालय के समीप स्थित एक सरकारी विद्यालय की भूमि पर अतिक्रमण के प्रयास को प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विफल कर दिया। रविवार सुबह मिली शिकायत के आधार पर अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार ने तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और अवैध निर्माण को ध्वस्त करा दिया।
शिकायत मिलते ही मौके पर पहुंचे एसडीएम
जानकारी के अनुसार, दो स्थानीय नागरिकों द्वारा फोन पर शिकायत मिलने के महज 10 मिनट के भीतर एसडीएम संजय कुमार घटनास्थल पर पहुंच गए। उनके पहुंचने से पहले ही निर्माण कार्य में लगे मिस्त्री और मजदूर वहां से फरार हो चुके थे।
अवैध बाउंड्री निर्माण का प्रयास
मौके पर निरीक्षण के दौरान पाया गया कि अज्ञात लोगों द्वारा दिनदहाड़े विद्यालय की जमीन को घेरने के उद्देश्य से तेजी से निर्माण कार्य किया जा रहा था। लगभग तीन फीट ऊंची बाउंड्री का निर्माण भी किया जा चुका था।
स्थानीय लोगों से पूछताछ के बावजूद किसी ने भी निर्माण कराने वाले व्यक्ति की पहचान स्पष्ट नहीं की।
मौके पर ही ध्वस्त कराया निर्माण
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एसडीएम ने बिना देरी किए अवैध रूप से बनाई गई बाउंड्री को मौके पर ही ध्वस्त करा दिया।
एसडीएम संजय कुमार ने निर्देश दिया: “सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे मामलों में तत्काल कार्रवाई होगी।”
सामग्री जब्त करने के निर्देश
एसडीएम ने अंचल अधिकारी सफी आलम को मौके पर मौजूद ईंट, सीमेंट और बालू जैसी निर्माण सामग्री को जब्त करने का निर्देश दिया। साथ ही मामले की विस्तृत जांच करने को कहा गया।
स्थानीय स्तर पर जांच के आदेश
घटना के बाद एसडीएम ने कल्याणपुर के मुखिया अशोक चंद्रवंशी को बुलाकर उन्हें परिसर पर निगरानी रखने और यह पता लगाने का निर्देश दिया कि इस अवैध निर्माण के पीछे कौन लोग शामिल थे।
पहले भी हो चुका है ऐसा प्रयास
उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष भी इसी स्थान पर कुछ लोगों द्वारा अवैध बाउंड्री निर्माण कर कब्जा करने की कोशिश की गई थी, जिसे उस समय भी प्रशासन ने सख्ती से रोक दिया था।
प्रशासन ने दिए सख्त निर्देश
एसडीएम ने संबंधित राजस्व कर्मियों और अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे ऐसे मामलों पर लगातार नजर रखें और किसी भी अतिक्रमण की सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई करें।
मौके पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और शिकायतकर्ता ग्रामीण मौजूद रहे, जिन्होंने प्रशासन की त्वरित कार्रवाई की सराहना की।
न्यूज़ देखो: त्वरित कार्रवाई से बची सरकारी संपत्ति
गढ़वा में प्रशासन की यह त्वरित कार्रवाई दर्शाती है कि सतर्कता और जिम्मेदारी से सरकारी संपत्तियों की रक्षा संभव है। बार-बार हो रहे अतिक्रमण के प्रयास प्रशासन के लिए चुनौती जरूर हैं, लेकिन ऐसी सख्ती से इन पर रोक लगाई जा सकती है। अब सवाल है कि दोषियों की पहचान कर आगे क्या कार्रवाई होती है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
अतिक्रमण के खिलाफ जागरूकता ही सबसे बड़ा हथियार
सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा केवल कानून का उल्लंघन नहीं, बल्कि समाज के अधिकारों का हनन भी है। ऐसे मामलों में हर नागरिक की जिम्मेदारी बनती है कि वह आवाज उठाए।
आइए, हम भी अपने आसपास होने वाली गलत गतिविधियों के खिलाफ जागरूक बनें और प्रशासन का सहयोग करें।
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