#जमशेदपुर #सेल्फ_डिफेंस : छात्राओं को आत्मरक्षा प्रशिक्षण—सुरक्षा और आत्मविश्वास पर जोर।
जमशेदपुर के NTTF टाटा टेक्नोलॉजी एजुकेशन सेंटर में आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें छात्रों, विशेषकर छात्राओं को कराटे और जूडो की तकनीक सिखाई गई। कार्यक्रम का उद्देश्य आत्मविश्वास और सुरक्षा जागरूकता बढ़ाना था। प्रतिभागियों ने उत्साह के साथ प्रशिक्षण में भाग लिया।
- NTTF टाटा टेक्नोलॉजी सेंटर में प्रशिक्षण कार्यक्रम।
- छात्राओं को आत्मरक्षा तकनीक सिखाई गई।
- कराटे, जूडो और आपातकालीन सुरक्षा उपाय शामिल।
- सुमन प्रसाद ने आत्मरक्षा के महत्व पर जोर दिया।
- प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
जमशेदपुर में छात्रों के सर्वांगीण विकास और सुरक्षा जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से NTTF RD टाटा टेक्नोलॉजी एजुकेशन सेंटर में एक विशेष सेल्फ डिफेंस प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का आयोजन सेल्फ डिफेंस एसोसिएशन ऑफ झारखंड द्वारा किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने भाग लिया।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विशेष रूप से छात्राओं को आत्मरक्षा के प्रति जागरूक करना और उन्हें व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना था।
आत्मरक्षा तकनीकों का दिया गया प्रशिक्षण
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को कराटे, जूडो और अन्य आत्मरक्षा तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षकों ने उन्हें सिखाया कि किसी भी आपात स्थिति में खुद को कैसे सुरक्षित रखा जाए।
प्रशिक्षकों ने बताया: “आत्मरक्षा केवल तकनीक नहीं, बल्कि मानसिक शक्ति का भी विकास करती है।”
मानसिक मजबूती पर जोर
प्रशिक्षण के दौरान इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि आत्मरक्षा में केवल शारीरिक क्षमता ही नहीं, बल्कि मानसिक मजबूती और त्वरित निर्णय लेने की क्षमता भी जरूरी होती है।
सुमन प्रसाद का प्रेरक संदेश
इस अवसर पर सेल्फ डिफेंस एसोसिएशन ऑफ झारखंड के संस्थापक एवं प्रशिक्षक सुमन प्रसाद ने कहा—
“आज के समय में आत्मरक्षा का ज्ञान हर व्यक्ति के लिए अनिवार्य हो गया है।”
उन्होंने छात्राओं को आत्मनिर्भर बनने और हर परिस्थिति में अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रेरित किया।
छात्रों की सक्रिय भागीदारी
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और प्रशिक्षण के दौरान सीखी गई तकनीकों का अभ्यास भी किया।
संस्थान प्रबंधन की सराहना
संस्थान के प्रबंधन ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम छात्रों के आत्मविश्वास और व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
प्रमाण पत्र वितरण
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए और भविष्य में भी ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने का संकल्प लिया गया।
आत्मरक्षा का महत्व
इस आयोजन के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि आत्मरक्षा केवल सुरक्षा का साधन नहीं, बल्कि आत्मविश्वास बढ़ाने का महत्वपूर्ण माध्यम भी है।

न्यूज़ देखो: सुरक्षा के साथ आत्मविश्वास जरूरी
जमशेदपुर में आयोजित यह कार्यक्रम दिखाता है कि आज के समय में आत्मरक्षा का ज्ञान बेहद जरूरी हो गया है। खासकर छात्राओं के लिए यह पहल आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
आत्मरक्षा सीखें, आत्मविश्वासी बनें
हर व्यक्ति को अपनी सुरक्षा का ज्ञान होना चाहिए।
आत्मरक्षा से आत्मविश्वास बढ़ता है।
छात्राओं को विशेष रूप से सशक्त बनाना जरूरी है।
आइए, हम भी ऐसी पहल का हिस्सा बनें।
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