
#गढ़वा #नगरपालिका_निर्वाचन : नामांकन के पहले दिन सीमित भागीदारी, प्रशासन ने बढ़ाई सतर्कता।
गढ़वा जिले में नगरपालिका आम निर्वाचन 2026 की नामांकन प्रक्रिया गुरुवार से प्रारंभ हो गई। पहले दिन श्री बंशीधर नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए एक अभ्यर्थी ने नामांकन दाखिल किया, जबकि अन्य निकायों में कोई पर्चा दाखिल नहीं हुआ। प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं और मतदाताओं से 23 फरवरी को मतदान सुनिश्चित करने की अपील की है। यह प्रक्रिया शहरी निकायों के लोकतांत्रिक भविष्य के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
- नगरपालिका (आम) निर्वाचन 2026 की नामांकन प्रक्रिया का गुरुवार से शुभारंभ।
- श्री बंशीधर नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए पहले दिन एक नामांकन दाखिल।
- गढ़वा नगर परिषद वर्ग (ख) और मंझिआँव नगर पंचायत में कोई नामांकन नहीं।
- नामांकन प्रक्रिया 04 फरवरी 2026 तक चलेगी।
- नगर निकाय कार्यालयों के आसपास कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू।
- 23 फरवरी 2026 को मतदान के लिए मतदाताओं से अपील।
गढ़वा जिले में नगरपालिका (आम) निर्वाचन 2026 को लेकर चुनावी गतिविधियां औपचारिक रूप से शुरू हो चुकी हैं। गुरुवार से नामांकन की प्रक्रिया आरंभ होने के साथ ही जिले के तीनों शहरी निकायों में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। पहले दिन का हाल देखें तो श्री बंशीधर नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए केवल एक अभ्यर्थी द्वारा नामांकन किया गया, जबकि वार्ड पार्षद पद सहित अन्य नगर निकायों में किसी भी अभ्यर्थी ने पर्चा दाखिल नहीं किया। यह स्थिति चुनावी भागीदारी को लेकर कई सवाल खड़े करती है, हालांकि आगामी दिनों में नामांकन की संख्या बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
नामांकन प्रक्रिया का पहला दिन कैसा रहा
नगरपालिका (आम) निर्वाचन 2026 के अंतर्गत गढ़वा/01 श्री बंशीधर नगर पंचायत, गढ़वा/01 गढ़वा नगर परिषद वर्ग (ख) और गढ़वा/02 मंझिआँव नगर पंचायत में नामांकन प्रक्रिया शुरू की गई। पहले दिन केवल श्री बंशीधर नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए एक अभ्यर्थी ने नामांकन दाखिल किया। इसके अलावा, किसी भी नगर निकाय में वार्ड पार्षद सदस्य पद के लिए एक भी नामांकन प्राप्त नहीं हुआ।
वहीं गढ़वा नगर परिषद वर्ग (ख) और मंझिआँव नगर पंचायत में अध्यक्ष एवं वार्ड पार्षद, दोनों ही पदों के लिए पहले दिन कोई नामांकन नहीं हुआ। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, पहले दिन आमतौर पर नामांकन की संख्या कम रहती है और अंतिम दिनों में अभ्यर्थियों की सक्रियता बढ़ती है।
04 फरवरी तक चलेगी नामांकन प्रक्रिया
चुनाव कार्यक्रम के अनुसार, नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 04 फरवरी 2026 निर्धारित की गई है। इसके बाद नामांकन पत्रों की जांच, नाम वापसी और चुनाव चिह्न आवंटन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। निर्वाचन विभाग का मानना है कि आने वाले दिनों में राजनीतिक दलों एवं निर्दलीय प्रत्याशियों की ओर से नामांकन की संख्या में इजाफा होगा।
सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद
नामांकन प्रक्रिया को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए तीनों नगर निकाय कार्यालयों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पर्याप्त संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है, जो आने-जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति पर नजर बनाए हुए हैं। किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या कानून-व्यवस्था की समस्या से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है।
23 फरवरी को होगा मतदान
निर्वाची पदाधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि 23 फरवरी 2026 को नगरपालिका (आम) निर्वाचन के तहत मतदान कराया जाएगा। यह दिन नगर परिषद एवं नगर पंचायतों के भविष्य का निर्णय करने वाला होगा। अधिकारियों ने मतदाताओं से अपील की है कि वे अपने मताधिकार का प्रयोग अवश्य करें और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत बनाएं।
निर्वाची पदाधिकारी ने कहा:
“अपने नगर निकाय का भविष्य गढ़ने का अवसर 23 फरवरी को मिलेगा। सभी मतदाता अपने बूथ पर जाकर मतदान करें और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें।”
मतदाताओं से विशेष अपील
प्रशासन की ओर से यह भी कहा गया है कि अधिक से अधिक मतदाता मतदान में भाग लें, ताकि चुनी गई नगर सरकारें जनता की वास्तविक प्रतिनिधि बन सकें। मतदाताओं को यह समझाने पर जोर दिया जा रहा है कि शहरी विकास, बुनियादी सुविधाएं और स्थानीय समस्याओं का समाधान मजबूत जनप्रतिनिधियों के माध्यम से ही संभव है।
चुनावी माहौल को लेकर राजनीतिक हलचल
हालांकि पहले दिन नामांकन कम रहे, लेकिन राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हैं। विभिन्न राजनीतिक दल रणनीति बनाने में जुटे हैं और संभावित प्रत्याशियों के नामों पर मंथन चल रहा है। स्थानीय स्तर पर यह भी माना जा रहा है कि अंतिम दिनों में नामांकन को लेकर चहल-पहल बढ़ेगी।
न्यूज़ देखो: शहरी लोकतंत्र की पहली सीढ़ी
नगरपालिका आम निर्वाचन 2026 की नामांकन प्रक्रिया ने शहरी लोकतंत्र की औपचारिक शुरुआत कर दी है। पहले दिन सीमित नामांकन यह दर्शाता है कि राजनीतिक दल अभी रणनीतिक तैयारी में हैं। प्रशासन की सख्ती और सुरक्षा व्यवस्था यह संकेत देती है कि चुनाव को निष्पक्ष बनाने के लिए कोई ढील नहीं दी जाएगी। अब यह देखना अहम होगा कि आने वाले दिनों में कितने प्रत्याशी मैदान में उतरते हैं और जनता की भागीदारी किस स्तर तक पहुंचती है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
लोकतंत्र की मजबूती आपकी भागीदारी से
नगरपालिका चुनाव केवल प्रतिनिधि चुनने का माध्यम नहीं, बल्कि अपने शहर के भविष्य को दिशा देने का अवसर है। सड़क, पानी, सफाई, शिक्षा और रोजगार जैसे मुद्दे सीधे नगर निकायों से जुड़े होते हैं। ऐसे में जागरूक नागरिक बनना और मतदान करना बेहद जरूरी है।
आप भी अपने शहर के विकास में भागीदार बनें। इस खबर पर अपनी राय कमेंट करें, इसे साझा करें और अधिक से अधिक लोगों को मतदान के लिए प्रेरित करें। आपकी एक भागीदारी, शहर की बड़ी तस्वीर बदल सकती है।







