#बरवाडीह #पेट्रोल_संकट : वाहन चालकों को नहीं मिल रहा तेल — गैलन में बिक्री से उठे सवाल
लातेहार जिले के बरवाडीह प्रखंड अंतर्गत छिपादोहर पेट्रोल पंप पर अव्यवस्था और कालाबाजारी के आरोपों ने विवाद को जन्म दे दिया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि आम वाहन चालकों को पेट्रोल-डीजल नहीं दिया जा रहा, जबकि गैलन में खुलेआम बिक्री हो रही है, जिससे क्षेत्र में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
- छिपादोहर पेट्रोल पंप पर अव्यवस्था को लेकर बढ़ा विवाद।
- भाजपा नेता मुन्ना गुप्ता ने लगाए गंभीर आरोप।
- वाहन चालकों को घंटों लाइन में लगने के बाद भी नहीं मिल रहा पेट्रोल-डीजल।
- गैलन और जार में खुलेआम बिक्री से कालाबाजारी की आशंका।
- स्थानीय बाजार में पेट्रोल की कीमत ₹140 प्रति लीटर तक पहुंची।
बरवाडीह प्रखंड के छिपादोहर स्थित पेट्रोल पंप पर इन दिनों भारी अव्यवस्था को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने पेट्रोल पंप संचालकों पर मनमानी और कालाबाजारी के गंभीर आरोप लगाए हैं।
वाहन चालकों को नहीं मिल रहा पेट्रोल
स्थानीय भाजपा नेता मुन्ना गुप्ता ने आरोप लगाया कि आम उपभोक्ताओं, विशेषकर दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को पेट्रोल-डीजल उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। लोग घंटों लाइन में खड़े रहने के बावजूद खाली हाथ लौटने को मजबूर हैं।
उनका कहना है कि पंप पर मौजूद कर्मचारी यह कहकर वाहन चालकों को लौटा देते हैं कि तेल उपलब्ध नहीं है, जबकि उसी समय गैलन और जार लेकर आने वाले कुछ लोगों को प्राथमिकता के आधार पर पेट्रोल-डीजल दिया जा रहा है।
कालाबाजारी के आरोप, ग्रामीणों में नाराजगी
इस कथित भेदभावपूर्ण व्यवहार से ग्रामीणों और वाहन चालकों में भारी आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि गैलन में पेट्रोल लेकर जाने वाले लोग बाद में इसे ऊंचे दामों पर बेच रहे हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, छिपादोहर क्षेत्र के खुदरा बाजार में पेट्रोल की कीमत ₹140 प्रति लीटर तक पहुंच गई है, जो आम जनता के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन रहा है।
प्रशासन से जांच और कार्रवाई की मांग
मुन्ना गुप्ता ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो ग्रामीण आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
पारदर्शिता और समान वितरण की मांग
क्षेत्र के लोगों ने पेट्रोल पंप की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए पारदर्शिता और समान वितरण सुनिश्चित करने की मांग की है। उनका कहना है कि आवश्यक वस्तु होने के कारण पेट्रोल-डीजल की उपलब्धता में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जानी चाहिए।
न्यूज़ देखो: जरूरी है सख्ती और पारदर्शिता
पेट्रोल जैसी आवश्यक सेवा में यदि भेदभाव और कालाबाजारी के आरोप लगते हैं, तो यह सीधे आम जनता के अधिकारों पर चोट है। प्रशासन की जिम्मेदारी है कि ऐसी शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई कर व्यवस्था को पारदर्शी बनाए।
जनता का हक, बराबर वितरण
कालाबाजारी पर लगे रोक
हर वाहन चालक को मिले अधिकार
प्रशासन की सख्ती जरूरी
व्यवस्था में पारदर्शिता ही समाधान

🗣️ Join the Conversation!
What are your thoughts on this update? Read what others are saying below, or share your own perspective to keep the discussion going. (Please keep comments respectful and on-topic).