
#लातेहार #सड़कसुरक्षा : प्रशासन ने नियम उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई और जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए।
लातेहार में सड़क सुरक्षा को लेकर जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई, जिसमें उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता और पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव ने संयुक्त रूप से निर्देश जारी किए। बैठक में शाम के समय बढ़ती दुर्घटनाओं पर चिंता जताते हुए सख्त कार्रवाई और जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया गया।
- उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता व एसपी कुमार गौरव की संयुक्त अध्यक्षता में बैठक।
- शाम 6 से 9 बजे के बीच अधिक दुर्घटनाएं होने पर चिंता।
- ड्रंक एंड ड्राइव, ओवरलोडिंग पर सख्त कार्रवाई के निर्देश।
- 20-30 वर्ष के युवा बाइक सवार सबसे अधिक प्रभावित।
- 108 एम्बुलेंस की रिस्पांस टाइम सुधारने पर जोर।
लातेहार जिले में सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण और यातायात नियमों के पालन को लेकर प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। समाहरणालय सभागार में आयोजित जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता और पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव ने संयुक्त रूप से अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि नियमों के उल्लंघन पर अब कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में विभिन्न विभागों की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया कि सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
शाम के समय दुर्घटनाओं पर विशेष फोकस
बैठक में यह महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया कि जिले में अधिकतर सड़क दुर्घटनाएं शाम 6 बजे से रात 9 बजे के बीच होती हैं। इन दुर्घटनाओं में विशेष रूप से 20 से 30 वर्ष आयु वर्ग के मोटरसाइकिल चालक सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं।
इस पर उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इस समयावधि में विशेष निगरानी और सघन जांच अभियान चलाया जाए।
उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता ने कहा: “सड़क सुरक्षा आम जनमानस के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसे संवेदनशीलता के साथ सुनिश्चित करना होगा।”
नियम उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई
प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिया कि ड्रंक एंड ड्राइव, ओवरलोडिंग, और बिना ड्राइविंग लाइसेंस वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
पुलिस और परिवहन विभाग को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार जांच अभियान चलाने और नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने को कहा गया।
एसपी कुमार गौरव ने कहा: “नियम तोड़ने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।”
सड़कों की स्थिति सुधारने के निर्देश
पथ निर्माण विभाग को सड़कों की मरम्मत, आवश्यक साइनेज लगाने और स्पीड लिमिट बोर्ड स्थापित करने के निर्देश दिए गए। खराब सड़कों को दुर्घटनाओं का एक बड़ा कारण मानते हुए जल्द सुधार करने पर जोर दिया गया।
स्वास्थ्य विभाग को भी निर्देश
बैठक में स्वास्थ्य विभाग को 108 एम्बुलेंस सेवा का रिस्पांस टाइम कम करने का निर्देश दिया गया, ताकि दुर्घटना के बाद घायल व्यक्तियों को समय पर उपचार मिल सके।
इसके अलावा हिट एंड रन मामलों के शीघ्र निष्पादन पर भी जोर दिया गया।
स्कूलों में जागरूकता अभियान
शिक्षा विभाग को निर्देश दिया गया कि स्कूलों में सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाए और इसके लिए एक निर्धारित कैलेंडर तैयार किया जाए।
नगर क्षेत्र में अतिक्रमण पर कार्रवाई
नगर क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने और नो पार्किंग व नो स्टॉपेज जोन में सख्ती से कार्रवाई करने का भी निर्णय लिया गया।
इससे यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने और दुर्घटनाओं की संभावना को कम करने में मदद मिलेगी।
अधिकारियों की उपस्थिति
बैठक में जिला एवं अनुमंडल स्तर के पदाधिकारी समेत सड़क सुरक्षा समिति के सदस्य उपस्थित रहे और सभी ने मिलकर सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाने की दिशा में काम करने का संकल्प लिया।
न्यूज़ देखो: सख्ती जरूरी, लेकिन जागरूकता भी उतनी ही अहम
लातेहार में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन की सख्ती एक सकारात्मक कदम है, लेकिन केवल कार्रवाई से समस्या का समाधान नहीं होगा। आम लोगों में जागरूकता बढ़ाना भी उतना ही जरूरी है। क्या यह अभियान लंबे समय तक प्रभावी रहेगा? हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सुरक्षित सफर की जिम्मेदारी हम सभी की
सड़क पर चलना केवल एक आदत नहीं, बल्कि जिम्मेदारी भी है। छोटी-छोटी लापरवाहियां बड़ी दुर्घटनाओं का कारण बन सकती हैं।
हेलमेट पहनें, नियमों का पालन करें और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें।
आपकी सावधानी किसी की जिंदगी बचा सकती है।
अपनी राय कमेंट में जरूर साझा करें, इस खबर को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाएं और सुरक्षित समाज बनाने में अपना योगदान दें।






