
#बरवाडीह #स्मार्टमीटरविवाद : नए स्मार्ट मीटर के बाद उपभोक्ताओं को हजारों रुपये के बिजली बिल मिलने से ग्रामीणों में नाराजगी।
लातेहार जिले के बरवाडीह प्रखंड में नए स्मार्ट बिजली मीटर लगाए जाने के बाद उपभोक्ताओं को अत्यधिक बिजली बिल मिलने का मामला सामने आया है। जनवरी और फरवरी 2026 का बिल कई घरों में 18 हजार से लेकर 60 हजार रुपये तक पहुंच गया है। इससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और दर्जनों लोग बिजली विभाग कार्यालय पहुंचकर शिकायत दर्ज कर चुके हैं। विभाग ने मामले की जांच कर समाधान का आश्वासन दिया है।
- बरवाडीह प्रखंड में स्मार्ट मीटर लगने के बाद 18 हजार से 60 हजार रुपये तक बिजली बिल आने का मामला।
- पोखरी कलां, बेतला और कुटमू गांव के उपभोक्ताओं ने विभाग पर गलत बिल भेजने का आरोप लगाया।
- ग्रामीणों का कहना घरों में केवल पंखा, बल्ब और टीवी, फिर भी हजारों का बिल।
- नवंबर-दिसंबर 2025 में अधिकांश घरों का बिल शून्य दिखाया गया था।
- शिकायत लेकर दर्जनों ग्रामीण बिजली विभाग कार्यालय पहुंचे और जांच की मांग की।
- बिजली विभाग के एसडीओ ने कहा – शिकायत मिली है, जांच कर सुधार किया जाएगा।
बरवाडीह प्रखंड क्षेत्र में हाल ही में लगाए गए स्मार्ट बिजली मीटर अब ग्रामीणों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बनते दिखाई दे रहे हैं। कई गांवों के उपभोक्ताओं को अचानक हजारों रुपये के बिजली बिल मिलने से लोगों में भारी नाराजगी फैल गई है। जनवरी और फरवरी 2026 के बिजली बिल में 18 हजार से लेकर 60 हजार रुपये तक की राशि आने के बाद ग्रामीणों ने इसे गंभीर समस्या बताया है। इसी को लेकर शुक्रवार को दर्जनों ग्रामीण बरवाडीह स्थित बिजली विभाग के कार्यालय पहुंचे और अधिकारियों से इस मामले में तत्काल जांच की मांग की।
कई गांवों के उपभोक्ताओं ने उठाया सवाल
ग्रामीणों के अनुसार पोखरी कलां, बेतला और कुटमू गांव में हाल ही में स्मार्ट बिजली मीटर लगाए गए हैं। मीटर लगने के बाद बिजली बिल में अचानक भारी बढ़ोतरी हो गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि उनके घरों में केवल सामान्य घरेलू उपयोग के उपकरण जैसे पंखा, बल्ब और टीवी ही चलते हैं। इसके बावजूद हजारों रुपये का बिजली बिल भेजा जा रहा है, जो उनकी समझ से परे है।
ग्रामीणों का आरोप है कि स्मार्ट मीटर की रीडिंग में गड़बड़ी या विभागीय लापरवाही के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है।
पहले जीरो बिल, अब हजारों रुपये का झटका
ग्रामीणों ने बताया कि नवंबर और दिसंबर 2025 के बिजली बिल में अधिकांश घरों का बिल शून्य (जीरो) दिखाया गया था।
लेकिन नए वर्ष 2026 के जनवरी और फरवरी महीने में अचानक बिजली बिल 18 हजार से लेकर 60 हजार रुपये तक पहुंच गया।
इस अचानक बढ़े हुए बिल ने ग्रामीणों को हैरान और चिंतित कर दिया है। कई परिवारों के लिए इतनी बड़ी राशि का भुगतान करना संभव नहीं है।
ग्रामीणों का कहना है कि यह स्थिति गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए गंभीर आर्थिक संकट पैदा कर सकती है।
बिजली विभाग कार्यालय पहुंचकर जताया विरोध
समस्या को लेकर शुक्रवार को दर्जनों ग्रामीण बरवाडीह बिजली विभाग कार्यालय पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों के सामने अपनी शिकायत रखी और जल्द समाधान की मांग की।
ग्रामीणों ने कहा कि यदि विभाग ने समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया, तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
ग्रामीणों ने मांग की कि सभी स्मार्ट मीटरों की जांच कर वास्तविक बिजली खपत के आधार पर ही बिजली बिल जारी किया जाए।
ग्रामीणों ने कहा: “हमारे घरों में केवल सामान्य घरेलू उपयोग के उपकरण चलते हैं, फिर भी हजारों रुपये का बिल भेज दिया गया है। विभाग को इसकी जांच कर सही बिल जारी करना चाहिए।”
गरीब परिवारों पर बढ़ा आर्थिक बोझ
ग्रामीणों का कहना है कि गांव के अधिकांश लोग मजदूरी या छोटे-मोटे काम करके अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं।
ऐसे में अचानक हजारों रुपये का बिजली बिल भेजना उनके लिए बड़ी परेशानी का कारण बन गया है।
लोगों ने कहा कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो कई परिवार आर्थिक संकट में पड़ सकते हैं।
विभाग ने जांच का दिया आश्वासन
इस मामले में बिजली विभाग के एसडीओ ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत उन्हें प्राप्त हुई है।
बिजली विभाग के एसडीओ ने कहा: “ग्रामीणों की शिकायत मिली है। मामले की जांच कराई जाएगी और यदि कहीं तकनीकी गड़बड़ी या मीटर रीडिंग में त्रुटि पाई जाती है तो उसे सुधार कर उपभोक्ताओं को राहत दी जाएगी।”
उन्होंने कहा कि विभाग उपभोक्ताओं की समस्या को गंभीरता से लेते हुए जल्द समाधान करने का प्रयास करेगा।
कई ग्रामीण पहुंचे शिकायत लेकर
बिजली विभाग कार्यालय पहुंचने वाले उपभोक्ताओं में वाहिद अंसारी, कुंदन विश्वकर्मा, गुलबहार मियां और संतोष सोनी सहित कई ग्रामीण शामिल थे।
सभी ग्रामीणों ने एक स्वर में मांग की कि विभाग इस मामले में तुरंत कार्रवाई करे और गलत बिजली बिल को ठीक करे।
ग्रामीणों का कहना है कि अगर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।
न्यूज़ देखो: स्मार्ट मीटर व्यवस्था पर उठ रहे गंभीर सवाल
बरवाडीह में सामने आया यह मामला स्मार्ट मीटर प्रणाली को लेकर कई सवाल खड़े करता है। यदि नई तकनीक लागू होने के बाद उपभोक्ताओं को अत्यधिक बिल मिलने लगे तो इससे लोगों का भरोसा कमजोर हो सकता है। जरूरी है कि बिजली विभाग पारदर्शी तरीके से जांच करे और यदि कहीं तकनीकी गड़बड़ी है तो उसे तुरंत ठीक करे। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी उपभोक्ता के साथ अन्याय न हो। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
अधिकारों के प्रति जागरूक रहें और आवाज उठाएं
जब किसी व्यवस्था में समस्या सामने आती है तो उसे सुधारने का सबसे बड़ा तरीका है जागरूकता और सामूहिक आवाज। ग्रामीणों ने जिस तरह अपनी समस्या को सामने रखा है, वह लोकतांत्रिक व्यवस्था की ताकत को दर्शाता है।
जरूरी है कि हर उपभोक्ता अपने अधिकारों के प्रति सजग रहे और गलत बिल या अन्य समस्या होने पर संबंधित विभाग तक अपनी बात पहुंचाए।
अगर आपके क्षेत्र में भी ऐसी समस्या सामने आ रही है तो अपनी राय जरूर साझा करें। इस खबर को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं ताकि जागरूकता बढ़े और हर उपभोक्ता को न्याय मिल सके।






