
#बरवाडीह #शोक_समाचार : वरिष्ठ नागरिक हाजी शेख नबीजान हाजी के निधन से समाज में गमगीन माहौल।
लातेहार जिले के बरवाडीह प्रखंड अंतर्गत पोखरी कलां निवासी और बेतला के दैनिक जागरण पत्रकार अख्तर अंसारी के पिता हाजी शेख नबीजान हाजी का शनिवार सुबह निधन हो गया। 85 वर्षीय हाजी शेख नबीजान हाजी लंबे समय से बीमार चल रहे थे और अपने आवास पर ही उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की सूचना मिलते ही इलाके में शोक की लहर फैल गई। सामाजिक, राजनीतिक और पत्रकारिता जगत से जुड़े लोगों ने उनके आवास पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दी।
- दैनिक जागरण पत्रकार अख्तर अंसारी के पिता का शनिवार सुबह निधन।
- हाजी शेख नबीजान हाजी की आयु 85 वर्ष थी, लंबे समय से थे अस्वस्थ।
- पोखरी कलां स्थित आवास पर ली अंतिम सांस।
- असर की नमाज के बाद पोखरी कलां कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक।
- विधायक, जनप्रतिनिधि, पत्रकार और समाजसेवियों ने जताया शोक।
बरवाडीह प्रखंड के पोखरी कलां गांव से सामने आई इस दुखद खबर ने पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया है। बेतला क्षेत्र के वरिष्ठ पत्रकार एवं युवा समाजसेवी अख्तर अंसारी के पिता हाजी शेख नबीजान हाजी का शनिवार सुबह उनके आवास पर निधन हो गया। बताया गया कि वे बीते करीब एक वर्ष से अस्वस्थ चल रहे थे और परिजनों द्वारा उनकी देखभाल की जा रही थी।
उनके निधन की सूचना मिलते ही गांव सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पोखरी कलां पहुंचे। लोगों ने शोक संतप्त परिजनों से मुलाकात कर अपनी संवेदना प्रकट की और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
असर की नमाज के बाद अंतिम विदाई
हाजी शेख नबीजान हाजी का जनाजा असर की नमाज के समय निकाला गया। जनाजे की नमाज अदा करने के बाद उन्हें पोखरी कलां स्थित कब्रिस्तान में पूरे धार्मिक रीति-रिवाज के साथ सुपुर्द-ए-खाक किया गया। अंतिम यात्रा में गांव के बुजुर्गों, युवाओं, समाजसेवियों और बड़ी संख्या में शुभचिंतकों की उपस्थिति रही।
स्थानीय लोगों ने बताया कि हाजी शेख नबीजान हाजी सामाजिक रूप से सरल, मिलनसार और धार्मिक प्रवृत्ति के व्यक्ति थे। समाज में उनकी एक अलग पहचान थी और वे हर सुख-दुख में लोगों के साथ खड़े रहते थे।
जनप्रतिनिधियों और पत्रकारों ने जताया शोक
उनके निधन पर राजनीतिक, सामाजिक और पत्रकारिता जगत से जुड़े कई प्रमुख लोगों ने गहरा दुख व्यक्त किया। शोक व्यक्त करने वालों में विधायक रामचंद्र सिंह, युवा समाजसेवी हेसामुल अंसारी, मो. साहिद, अब्दुल मनान अंसारी, पत्रकार अर्जुन विश्वकर्मा, प्रमोद कुमार, संजय कुमार, तसलीम खान, सूरज कुमार, रवि गुप्ता, संतोष प्रसाद, नंदकिशोर प्रजापति, शशिशेखर सिंह, अकरम अंसारी, सुमित कुमार सहित कई लोग शामिल रहे।
इसके अलावा कांग्रेस नेता अनिल सिंह, अजय सिंह बिटू, विधायक प्रतिनिधि प्रेम कुमार सिंह, यूथ कांग्रेस प्रदेश समन्वयक विजय बहादुर सिंह, हाजी मुमताज अली, हाजी खुर्शीद, रविंद्र राम, समसुल अंसारी, एनामूल अंसारी, हदीश अंसारी, मो. सलाम अंसारी, हलीम अंसारी, दिलावर अंसारी समेत जिले के अनेक पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी शोक संवेदना प्रकट की।
अख्तर अंसारी के प्रति संवेदना
अख्तर अंसारी न केवल एक सक्रिय पत्रकार हैं, बल्कि युवा समाजसेवी के रूप में भी क्षेत्र में उनकी पहचान है। उनके पिता के निधन से पत्रकारिता जगत में भी शोक का माहौल है। कई पत्रकारों ने कहा कि यह व्यक्तिगत क्षति होने के साथ-साथ समाज के लिए भी एक अपूरणीय क्षति है।
न्यूज़ देखो: शोक में एकजुट समाज
हाजी शेख नबीजान हाजी के निधन ने यह दिखाया कि समाज आज भी दुख की घड़ी में एकजुट होता है। विभिन्न विचारधाराओं और क्षेत्रों से जुड़े लोगों का एक साथ शोक प्रकट करना सामाजिक सौहार्द की मिसाल है। दिवंगत आत्मा की स्मृति क्षेत्र के लोगों के दिलों में लंबे समय तक बनी रहेगी। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
संवेदनाओं में बंधा समाज
दुख की इस घड़ी में परिवार के साथ खड़ा होना ही सच्ची मानवता है।
हम दिवंगत आत्मा की शांति और परिजनों को संबल की कामना करते हैं।
यदि आप भी अपनी संवेदना व्यक्त करना चाहते हैं, तो अपनी बात साझा करें।
खबर को आगे बढ़ाएं ताकि श्रद्धांजलि की यह भावना औरों तक भी पहुंचे।





