
#लातेहार #रेलवे_हादसा : फूलबसिया कोयला साइडिंग पर मालगाड़ी डिरेल होने से रेल परिचालन प्रभावित।
लातेहार जिले के बरियातू थाना क्षेत्र में शुक्रवार को एक बड़ा रेलवे हादसा सामने आया, जहां कोयला लदी मालगाड़ी के पांच डब्बे पटरी से उतर गए। यह घटना फूलबसिया रेलवे स्टेशन के पास स्थित कोयला साइडिंग पर हुई। हादसे में मालगाड़ी का गार्ड घायल हुआ है, जबकि रेलवे ने तत्काल राहत कार्य शुरू कर दिया है। घटना से कोयला परिवहन अस्थायी रूप से प्रभावित हुआ है।
- बरियातू थाना क्षेत्र के फूलबसिया कोयला साइडिंग पर हादसा।
- कोयला लदी मालगाड़ी के पांच डब्बे हुए डिरेल।
- हादसे में मालगाड़ी का गार्ड घायल, प्राथमिक इलाज के बाद रेफर।
- रेलवे राहत टीम मौके पर पहुंचकर बहाली कार्य में जुटी।
- सीएलआई सुनील कुमार ने घटना की पुष्टि की।
- टोरी–शिवपुरी रेलवे लाइन पर मालगाड़ी परिचालन अस्थायी रूप से प्रभावित।
लातेहार जिले में शुक्रवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब कोयला लदी एक मालगाड़ी फूलबसिया रेलवे स्टेशन के समीप स्थित कोयला साइडिंग पर डिरेल हो गई। यह हादसा बरियातू थाना क्षेत्र अंतर्गत हुआ, जहां मालगाड़ी के पांच डब्बे अचानक पटरी से उतर गए। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे विभाग हरकत में आया और राहत एवं बहाली कार्य शुरू कर दिया गया।
कोयला साइडिंग से निकलते समय हुआ हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, टोरी–शिवपुरी रेलवे लाइन के फूलबसिया रेलवे स्टेशन के पास स्थित कोयला साइडिंग में मालगाड़ी पर कोयला लोड किया जा रहा था। लोडिंग पूरी होने के बाद जैसे ही मालगाड़ी साइडिंग से बाहर निकलने लगी, उसी दौरान अचानक पांच बोगियां पटरी से उतर गईं।
इस घटना के कारण साइडिंग क्षेत्र में कोयला परिवहन प्रभावित हो गया। हालांकि, इस रूट पर केवल मालगाड़ियों का ही परिचालन होता है, इसलिए आम यात्रियों को किसी प्रकार की प्रत्यक्ष परेशानी नहीं हुई।
रेलवे विभाग ने शुरू किया त्वरित राहत कार्य
हादसे की सूचना मिलते ही रेलवे विभाग की राहत टीम मौके पर पहुंच गई और डिरेल हुए डब्बों को पटरी पर लाने का कार्य शुरू किया गया। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, देर शाम तक बहाली कार्य पूरा कर लिए जाने की संभावना है।
रेलवे विभाग के सीएलआई सुनील कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा:
सीएलआई सुनील कुमार ने कहा: “फूलबसिया कोयला साइडिंग पर मालगाड़ी की पांच बोगियां पटरी से उतरी हैं। राहत कार्य शुरू कर दिया गया है और जल्द ही परिचालन सामान्य कर दिया जाएगा।”
हादसे में गार्ड को आई चोट
इस दुर्घटना में मालगाड़ी के गार्ड को हल्की चोटें आई हैं। बताया गया कि हादसे के तुरंत बाद उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया, जिसके बाद बेहतर इलाज के लिए बाहर रेफर किया गया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यदि यह हादसा मुख्य लाइन पर होता, तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी। कोयला साइडिंग पर घटना होने से बड़ा नुकसान टल गया।
टोरी–शिवपुरी लाइन केवल मालगाड़ियों के लिए
यह उल्लेखनीय है कि टोरी–शिवपुरी रेलवे लाइन का उपयोग मुख्य रूप से कोयला परिवहन के लिए किया जाता है। इस रूट पर अभी तक नियमित पैसेंजर ट्रेनों का परिचालन नहीं होता, जबकि इस क्षेत्र में बड़ी आबादी निवास करती है।
हाल के दिनों में रेलवे विभाग द्वारा पैसेंजर ट्रेन चलाने को लेकर ट्रायल किया गया था, लेकिन उसके बाद इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हो सकी। ऐसे में मालगाड़ी डिरेल होने के बावजूद आम यात्रियों को सीधी परेशानी नहीं झेलनी पड़ी।
जांच में जुटा रेलवे प्रशासन
रेलवे विभाग की ओर से हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक तौर पर तकनीकी खराबी या ट्रैक संबंधी समस्या की आशंका जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
रेलवे अधिकारियों ने यह भी बताया कि बहाली कार्य के बाद ट्रैक की तकनीकी जांच की जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
न्यूज़ देखो: कोयला परिवहन की सुरक्षा पर उठे सवाल
फूलबसिया कोयला साइडिंग पर हुई यह घटना रेलवे सुरक्षा व्यवस्था और कोयला परिवहन की निगरानी पर सवाल खड़े करती है। लगातार बढ़ते कोयला परिवहन के बीच ट्रैक और साइडिंग की नियमित जांच जरूरी है। अब यह देखना अहम होगा कि रेलवे प्रशासन जांच के बाद क्या ठोस कदम उठाता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सुरक्षित रेल परिचालन के लिए सतर्कता जरूरी
रेलवे हादसे केवल तकनीकी नहीं, बल्कि मानवीय जीवन से जुड़े मुद्दे हैं। समय पर रखरखाव और पारदर्शी जांच से ही ऐसे हादसों को रोका जा सकता है। इस खबर पर अपनी राय कमेंट में साझा करें, लेख को आगे बढ़ाएं और रेल सुरक्षा पर जागरूकता फैलाएं।







