#गुमला #स्व_गणना : उपायुक्त ने खुद ऑनलाइन जानकारी भरकर लोगों को भागीदारी का संदेश दिया।
गुमला जिले में जनगणना 2027 के तहत स्व-गणना अभियान को बढ़ावा देने के लिए उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो ने स्वयं अपनी जानकारी ऑनलाइन दर्ज की। उन्होंने नागरिकों से इस प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी की अपील की। 1 मई से 15 मई 2026 तक स्व-गणना की सुविधा उपलब्ध है, जिसके बाद 16 मई से घर-घर सर्वे शुरू होगा। प्रशासन ने इसे सरल और पारदर्शी प्रक्रिया बताया है।
- उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो ने स्वयं की स्व-गणना कर अभियान की शुरुआत की।
- 01 मई से 15 मई 2026 तक स्व-गणना की ऑनलाइन सुविधा उपलब्ध।
- 16 मई से 14 जून 2026 तक मकान सूचीकरण कार्य चलेगा।
- मोबाइल या कंप्यूटर से se.census.gov.in पोर्टल पर आसानी से पंजीकरण।
- प्रशासन की अपील—हर नागरिक स्व-गणना कर राष्ट्रीय कार्य में भागीदारी निभाएं।
गुमला जिले में जनगणना 2027 को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में उपायुक्त सह जिला दण्डाधिकारी दिलेश्वर महत्तो ने स्व-गणना (Self Enumeration) प्रक्रिया को बढ़ावा देने के लिए खुद उदाहरण प्रस्तुत करते हुए अपनी जानकारी ऑनलाइन दर्ज की।
यह पहल न केवल प्रशासनिक सक्रियता को दर्शाती है, बल्कि आम नागरिकों को भी इस प्रक्रिया में भाग लेने के लिए प्रेरित करती है।
स्व-गणना से शुरू हुई जनगणना प्रक्रिया
जनगणना 2027 के प्रथम चरण के तहत स्व-गणना की सुविधा 01 मई 2026 से 15 मई 2026 तक उपलब्ध कराई गई है। इस दौरान नागरिक अपने घर बैठे ऑनलाइन माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।
उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो ने कहा: “स्व-गणना एक सरल और प्रभावी प्रक्रिया है, जिससे समय की बचत होती है और आंकड़ों की सटीकता बढ़ती है।”
इसके बाद 16 मई से 14 जून 2026 तक मकान सूचीकरण कार्य किया जाएगा, जिसमें प्रगणक घर-घर जाकर जानकारी एकत्र करेंगे।
ऑनलाइन प्रक्रिया से बढ़ेगी पारदर्शिता
प्रशासन के अनुसार इस बार जनगणना प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बनाया गया है, जिससे पारदर्शिता और सटीकता दोनों सुनिश्चित होंगी।
नागरिक अपने मोबाइल या कंप्यूटर के माध्यम से आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर आसानी से स्व-गणना कर सकते हैं।
इससे न केवल प्रक्रिया तेज होगी, बल्कि किसी भी प्रकार की त्रुटि की संभावना भी कम होगी।
उपायुक्त ने साझा किया अपना अनुभव
उपायुक्त ने स्वयं स्व-गणना कर इसकी सरलता और सुविधा का अनुभव साझा किया।
उन्होंने कहा: “यह प्रक्रिया बेहद आसान है और कोई भी व्यक्ति कुछ ही मिनटों में अपनी जानकारी दर्ज कर सकता है।”
उनका यह कदम आम नागरिकों के लिए प्रेरणादायक माना जा रहा है, जिससे लोग बिना झिझक इस अभियान में भाग ले सकें।
नागरिकों से सक्रिय भागीदारी की अपील
उपायुक्त ने जिले के सभी नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित अवधि के भीतर स्व-गणना अवश्य करें।
उन्होंने इसे एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य बताते हुए कहा कि सही और सटीक जानकारी ही भविष्य की योजनाओं का आधार बनती है।
उपायुक्त ने कहा: “हर नागरिक की भागीदारी से ही जनगणना सफल हो सकती है।”
न्यूज़ देखो: डिजिटल जनगणना की ओर बड़ा कदम
गुमला में उपायुक्त द्वारा स्वयं स्व-गणना करना प्रशासनिक जिम्मेदारी और पारदर्शिता का अच्छा उदाहरण है। डिजिटल माध्यम से जनगणना को सरल बनाना निश्चित रूप से भविष्य की योजना निर्माण में मददगार साबित होगा। अब चुनौती यह है कि अधिक से अधिक लोग इस सुविधा का लाभ उठाएं और सही जानकारी दर्ज करें। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
अपनी जानकारी दें, देश के विकास में योगदान करें
जनगणना केवल आंकड़ों का संग्रह नहीं, बल्कि आपके भविष्य की योजना का आधार है।
आपकी दी गई सही जानकारी से ही बेहतर सुविधाएं और योजनाएं बनती हैं।
स्व-गणना कर आप न केवल अपना कर्तव्य निभाते हैं, बल्कि देश के विकास में योगदान भी देते हैं।
इस अवसर को समझें और समय रहते अपनी जानकारी जरूर दर्ज करें।
अपने परिवार और पड़ोसियों को भी जागरूक करें।
खबर को शेयर करें, अपनी राय दें और इस राष्ट्रीय अभियान को सफल बनाएं।

🗣️ Join the Conversation!
What are your thoughts on this update? Read what others are saying below, or share your own perspective to keep the discussion going. (Please keep comments respectful and on-topic).