
#बरवाडीह #राशन_वितरण : लंबे इंतजार के बाद जनवरी का राशन मिला, दिसंबर के बकाया ने बढ़ाई लाभुकों की चिंता।
बरवाडीह प्रखंड के बेतला पंचायत में जनवितरण प्रणाली के तहत जनवरी 2026 का राशन वितरण गुरुवार से शुरू कर दिया गया है। तकनीकी और आपूर्ति संबंधी बाधाओं के कारण लंबे समय से वितरण प्रभावित था, जिससे कार्डधारियों में असंतोष था। जनवरी का राशन मिलने से जहां राहत मिली है, वहीं दिसंबर 2025 का राशन अब तक नहीं मिलने को लेकर नाराजगी भी सामने आई है। यह मामला खाद्य सुरक्षा और समयबद्ध वितरण की गंभीरता को फिर उजागर करता है।
- बेतला पंचायत में जनवरी 2026 का राशन वितरण गुरुवार से प्रारंभ।
- पीडीएस डीलर मोहम्मद कासिम द्वारा चार गांवों में वितरण कार्य।
- लगभग 200 से अधिक राशन कार्डधारी लाभान्वित।
- दिसंबर 2025 का राशन अब तक लंबित, लाभुकों में असंतोष।
- विधायक रामचंद्र सिंह की पहल से जनवरी का वितरण संभव।
बरवाडीह प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत बेतला पंचायत में लंबे इंतजार के बाद आखिरकार जनवितरण प्रणाली के तहत जनवरी माह 2026 का राशन वितरण शुरू हो गया है। गुरुवार से प्रारंभ हुए इस वितरण कार्य में अखरा, बगीचा, कोलपुरवा एवं बेतला गांव के करीब 200 से अधिक राशन कार्डधारियों को अनाज उपलब्ध कराया जा रहा है। लंबे समय से राशन वितरण बाधित रहने के कारण लाभुकों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
किन गांवों में हो रहा है वितरण
जानकारी के अनुसार पीडीएस दुकानदार मोहम्मद कासिम द्वारा बेतला पंचायत के चार प्रमुख गांव—अखरा, बगीचा, कोलपुरवा और बेतला—में चरणबद्ध तरीके से राशन वितरण किया जा रहा है। प्रत्येक कार्डधारी को सरकार द्वारा निर्धारित मात्रा के अनुसार अनाज उपलब्ध कराया जा रहा है। वितरण के दौरान आधार आधारित सत्यापन और विभागीय दिशा-निर्देशों का पालन किया जा रहा है।
लंबे समय से क्यों रुका था राशन
स्थानीय स्तर पर बताया गया कि तकनीकी समस्याओं और आपूर्ति में देरी के कारण पिछले कुछ समय से राशन वितरण नियमित नहीं हो पा रहा था। बरवाडीह एफसीआई गोदाम से समय पर अनाज का उठाव नहीं होने के कारण स्थिति और गंभीर हो गई थी। इसका सीधा असर आम गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों पर पड़ा, जिनके लिए पीडीएस का राशन जीवनयापन का मुख्य आधार है।
पीडीएस डीलर का पक्ष
पीडीएस डीलर मोहम्मद कासिम ने बताया:
“जैसे ही विभाग की ओर से अनाज उपलब्ध कराया गया, हमने तुरंत वितरण शुरू कर दिया। हमारा प्रयास है कि किसी भी पात्र लाभुक को परेशानी न हो और सभी को नियमानुसार राशन मिले।”
उन्होंने यह भी कहा कि वितरण में पारदर्शिता बनाए रखी जा रही है और सभी कार्डधारियों को उनका हक देने का प्रयास किया जा रहा है।
जनवरी का राशन मिला, लेकिन दिसंबर की चिंता बरकरार
जनवरी 2026 का राशन मिलने से जहां कार्डधारियों में कुछ राहत और संतोष देखा गया, वहीं दिसंबर 2025 का राशन अब तक नहीं मिलने को लेकर गहरी नाराजगी भी सामने आई है। कई लाभुकों ने बताया कि ठंड के मौसम में राशन की कमी के कारण उन्हें बाजार से महंगे दामों पर अनाज खरीदना पड़ा।
एक लाभुक ने कहा:
“दिसंबर की ठंड में राशन नहीं मिला, जिससे काफी दिक्कत हुई। अब जनवरी का राशन मिला है, लेकिन दिसंबर का बकाया अब तक क्यों नहीं दिया गया, इसका जवाब कोई नहीं देता।”
विभाग से कार्डधारियों की मांग
राशन कार्डधारियों ने खाद्य आपूर्ति विभाग और जिला प्रशासन से मांग की है कि दिसंबर 2025 के लंबित राशन का वितरण जल्द से जल्द सुनिश्चित किया जाए। उनका कहना है कि यदि समय पर राशन नहीं मिला तो इसका सीधा असर परिवारों के पोषण और आर्थिक स्थिति पर पड़ता है।
विधायक की पहल से खुला रास्ता
उल्लेखनीय है कि मनिका विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक रामचंद्र सिंह की पहल के बाद स्थिति में कुछ सुधार देखने को मिला। विधायक ने आपूर्ति विभाग के उच्च अधिकारियों से वार्ता कर बेतला और आसपास के क्षेत्रों के लिए अनाज की उपलब्धता सुनिश्चित कराई। इसके बाद ही जनवरी 2026 का राशन वितरण संभव हो सका।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि विधायक स्तर से हस्तक्षेप नहीं होता, तो वितरण में और देरी हो सकती थी।
कार्डधारियों ने जताया आभार
जनवरी का राशन मिलने के बाद कई कार्डधारियों ने विधायक रामचंद्र सिंह के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि आगे से राशन वितरण समय पर होगा और लाभुकों को बार-बार परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।
पीडीएस व्यवस्था पर उठते सवाल
यह पूरा मामला एक बार फिर पीडीएस व्यवस्था की जमीनी चुनौतियों को सामने लाता है। तकनीकी दिक्कतें, आपूर्ति में देरी और प्रशासनिक सुस्ती का खामियाजा अंततः आम गरीब परिवारों को भुगतना पड़ता है। समयबद्ध और पारदर्शी वितरण ही इस व्यवस्था की सफलता की कुंजी है।

न्यूज़ देखो: समय पर राशन नहीं तो खाद्य सुरक्षा कैसे?
बेतला पंचायत में जनवरी का राशन वितरण शुरू होना राहत की खबर है, लेकिन दिसंबर का लंबित राशन सिस्टम की गंभीर खामियों को उजागर करता है। खाद्य सुरक्षा योजना का उद्देश्य तभी पूरा होगा जब हर माह राशन समय पर पहुंचे। सवाल यह है कि दिसंबर के बकाया पर विभाग कब ठोस कदम उठाएगा?
हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
राशन आपका अधिकार, समय पर मिलना चाहिए सम्मान के साथ
सरकारी योजनाएं तभी सफल होती हैं जब वे अंतिम व्यक्ति तक समय पर पहुंचें। राशन वितरण में देरी गरीब परिवारों की जिंदगी पर सीधा असर डालती है। अपनी आवाज उठाएं, जिम्मेदारों से सवाल करें और इस खबर को साझा कर अन्य लोगों को भी जागरूक बनाएं। आपकी सहभागिता ही व्यवस्था में सुधार की सबसे बड़ी ताकत है।







