
#रायडीह #दिव्यांग_कल्याण : ADIP योजना के तहत एलिम्को रांची द्वारा शिविर आयोजित, बीडीओ ने किया ट्राईसाइकिल वितरण
गुमला जिले के रायडीह प्रखंड सभागार परिसर में बुधवार को दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों के लिए ADIP (RVY) योजना के अंतर्गत निःशुल्क यंत्र उपकरण वितरण हेतु मूल्यांकन शिविर आयोजित किया गया। एलिम्को रांची की टीम ने लाभुकों का आकलन किया, जबकि तीन दिव्यांगजनों को ट्राईसाइकिल प्रदान की गई।
- रायडीह प्रखंड सभागार में ADIP (RVY) योजनांतर्गत विशेष मूल्यांकन शिविर आयोजित।
- एलिम्को रांची की टीम ने दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों का किया मूल्यांकन।
- बीडीओ प्रधान हांसदाक ने तीन लाभुकों को ट्राईसाइकिल वितरित किया।
- बाल विकास परियोजना की पहल पर जरूरतमंदों को मिली सहायता।
- ट्राईसाइकिल पाकर लाभुकों के चेहरे पर दिखी खुशी।
गुमला जिले के रायडीह प्रखंड में दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई। बुधवार को प्रखंड सभागार परिसर में ADIP (RVY) योजना के अंतर्गत निःशुल्क यंत्र उपकरण वितरण हेतु मूल्यांकन शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में विभिन्न पंचायतों और क्षेत्रों से आए दिव्यांगजन एवं वरिष्ठ नागरिकों ने भाग लिया।
एलिम्को रांची द्वारा किया गया मूल्यांकन
शिविर में एलिम्को रांची की विशेषज्ञ टीम ने उपस्थित दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों का विस्तृत मूल्यांकन किया। इस प्रक्रिया के तहत लाभुकों की शारीरिक स्थिति, आवश्यकताओं और पात्रता का आकलन किया गया, ताकि उन्हें उनकी जरूरत के अनुरूप यंत्र उपकरण उपलब्ध कराए जा सकें।
ADIP योजना का उद्देश्य दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। इस योजना के माध्यम से ट्राईसाइकिल, व्हीलचेयर, श्रवण यंत्र, कृत्रिम अंग सहित अन्य आवश्यक उपकरण निःशुल्क उपलब्ध कराए जाते हैं।
तीन दिव्यांगजनों को मिला ट्राईसाइकिल
कार्यक्रम के दौरान बाल विकास परियोजना की ओर से तीन दिव्यांगजनों के बीच ट्राईसाइकिल का वितरण किया गया। प्रखंड विकास पदाधिकारी प्रधान हांसदाक ने लाभुकों को ट्राईसाइकिल सौंपते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
ट्राईसाइकिल प्राप्त करने के बाद लाभुकों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। यह सहायता उनके दैनिक जीवन को सुगम बनाने में अहम भूमिका निभाएगी। अब वे आवागमन के लिए दूसरों पर निर्भर नहीं रहेंगे और अपने कार्य स्वयं करने में सक्षम होंगे।
बीडीओ ने दी आगे भी सहयोग की आश्वासन
इस अवसर पर बीडीओ प्रधान हांसदाक ने कहा कि प्रखंड प्रशासन की प्राथमिकता है कि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।
“आने वाले दिनों में और भी जरूरतमंद दिव्यांगजनों एवं वरिष्ठ नागरिकों के बीच विभिन्न यंत्र उपकरण निःशुल्क उपलब्ध कराए जाएंगे।”
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि पात्र लाभुकों की सूची तैयार कर उन्हें योजनाओं से जोड़ा जाए।
बड़ी संख्या में लोग रहे उपस्थित
शिविर में स्थानीय ग्रामीणों के साथ-साथ कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मौके पर विजय, फुलकेरिया सहित काफी संख्या में लोग मौजूद थे। सभी ने इस पहल की सराहना की और इसे दिव्यांगजनों के लिए उपयोगी कदम बताया।
यह शिविर न केवल सरकारी योजनाओं की जानकारी देने का माध्यम बना, बल्कि दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों को सम्मान और आत्मविश्वास देने का भी कार्य किया। ऐसे आयोजन सामाजिक समावेशन और समान अवसर सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

न्यूज़ देखो: संवेदनशील प्रशासन की मिसाल
रायडीह में आयोजित यह शिविर दर्शाता है कि यदि योजनाओं का क्रियान्वयन सही ढंग से हो, तो जरूरतमंदों के जीवन में वास्तविक परिवर्तन संभव है। दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण प्रदान करना केवल सहायता नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता की ओर कदम है। प्रशासन और समाज की संयुक्त पहल से ही समावेशी विकास संभव है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
दिव्यांग सशक्तिकरण ही सच्चा विकास
समाज तभी आगे बढ़ता है जब हर वर्ग को साथ लेकर चला जाए।
जरूरतमंदों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है।
आपके आसपास कोई पात्र व्यक्ति हो तो उसे ऐसी योजनाओं की जानकारी दें।
जागरूक बनें, दूसरों को भी जागरूक करें।
इस खबर को साझा करें और बताएं — क्या आपके क्षेत्र में भी ऐसे शिविर आयोजित हो रहे हैं?







