
#सिमडेगा #सेवा_कार्य : बढ़ती ठंड में सदर अस्पताल के मरीजों को राहत पहुंचाने का मानवीय प्रयास किया गया।
सिमडेगा सदर अस्पताल में हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने सेवा भाव से गरीब और असहाय मरीजों के बीच कंबल व खाद्य सामग्री का वितरण किया। जिले में लगातार बढ़ती ठंड को देखते हुए यह पहल अस्पताल में भर्ती मरीजों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से की गई। कार्यकर्ताओं ने विभिन्न वार्डों में जाकर मरीजों से मुलाकात की और सामग्री सौंपकर उनका मनोबल बढ़ाया। इस सेवा गतिविधि से मरीजों और उनके परिजनों में संतोष और राहत का माहौल देखा गया।
- सदर अस्पताल सिमडेगा में मरीजों के बीच कंबल, फल और ब्रेड का वितरण।
- बढ़ती ठंड को देखते हुए असहाय और गरीब मरीजों को दी गई राहत।
- विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी।
- वार्डों में जाकर मरीजों से सीधी मुलाकात और कुशलक्षेम।
- सेवा को संगठन का सामाजिक और राष्ट्रीय दायित्व बताया गया।
सिमडेगा जिले में पड़ रही कड़ाके की ठंड के बीच सदर अस्पताल में भर्ती मरीजों के लिए यह पहल किसी संबल से कम नहीं रही। हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने मानवीय संवेदना के साथ अस्पताल पहुंचकर गरीब एवं असहाय मरीजों के बीच कंबल, फल और ब्रेड का वितरण किया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य ठंड से जूझ रहे मरीजों को तात्कालिक राहत पहुंचाने के साथ-साथ यह संदेश देना था कि कठिन समय में समाज उनके साथ खड़ा है।
कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं ने अस्पताल के विभिन्न वार्डों में जाकर मरीजों और उनके परिजनों से मुलाकात की। सामग्री सौंपते समय मरीजों के स्वास्थ्य की जानकारी ली गई और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की गई। इस दौरान मरीजों के चेहरों पर राहत और संतोष साफ नजर आया।
सेवा भाव से किया गया वितरण कार्यक्रम
हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों ने बताया कि ठंड के मौसम में अस्पताल में भर्ती मरीजों को अतिरिक्त परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई मरीज आर्थिक रूप से कमजोर होते हैं, जिनके पास ठंड से बचाव के पर्याप्त साधन नहीं होते। इसी को ध्यान में रखते हुए यह सेवा कार्यक्रम आयोजित किया गया, ताकि जरूरतमंद मरीजों को कंबल और खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा सके।
कार्यकर्ताओं ने यह भी कहा कि सेवा केवल किसी विशेष अवसर तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि यह निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है। अस्पताल जैसे स्थानों पर सेवा कार्य का विशेष महत्व होता है, क्योंकि यहां लोग पहले से ही शारीरिक और मानसिक रूप से पीड़ा में होते हैं।
संगठन के उद्देश्य और सोच
कार्यक्रम में उपस्थित पदाधिकारियों ने बताया कि संगठन सामाजिक और राष्ट्रीय दायित्वों के निर्वहन के साथ मानवीय सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। उनका मानना है कि समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक मदद पहुंचाना ही सच्ची सेवा है। ठंड, बीमारी या किसी भी आपदा के समय जरूरतमंदों की सहायता के लिए संगठन के सदस्य हमेशा तत्पर रहते हैं।
पदाधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि इस तरह के सेवा कार्य केवल शहरों तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि भविष्य में ग्रामीण क्षेत्रों, वृद्धाश्रमों और अन्य जरूरतमंद स्थानों पर भी ऐसे अभियान चलाए जाएंगे।
कार्यक्रम में उपस्थित पदाधिकारी और कार्यकर्ता
इस सेवा कार्यक्रम में हिंदू संगठनों के कई प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान विश्व हिंदू परिषद के जिला मंत्री कृष्णा शर्मा, बजरंग दल के जिला संयोजक आनंद जायसवाल, नगर सहसंयोजक अंकित केसरी, शिव शक्ति मंदिर के पुजारी, सुनील राय, आकाश कुमार सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भूमिका निभाई। सभी ने मिलकर वार्डों में जाकर मरीजों को सामग्री वितरित की और सेवा कार्य को सफल बनाया।
मरीजों और परिजनों में दिखा उत्साह
इस सेवा गतिविधि से सदर अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों के बीच उत्साह और राहत का माहौल देखा गया। कई मरीजों ने बताया कि ठंड के इस मौसम में कंबल और खाद्य सामग्री मिलना उनके लिए बड़ी मदद साबित हुआ है। परिजनों ने भी संगठनों के इस प्रयास की सराहना की और इसे मानवीय संवेदना का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।
न्यूज़ देखो: सेवा के माध्यम से समाज से जुड़ने की पहल
सदर अस्पताल सिमडेगा में किया गया यह सेवा कार्य दिखाता है कि सामाजिक संगठन यदि संवेदनशीलता के साथ आगे आएं, तो जरूरतमंदों को बड़ी राहत मिल सकती है। बढ़ती ठंड के बीच मरीजों के लिए कंबल और भोजन जैसी मदद न केवल शारीरिक राहत देती है, बल्कि मानसिक संबल भी प्रदान करती है। ऐसे प्रयास समाज में सकारात्मक संदेश फैलाते हैं और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करते हैं। आने वाले समय में इन अभियानों की निरंतरता ही उनकी वास्तविक सफलता तय करेगी। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सेवा ही समाज को जोड़ने का सबसे मजबूत सूत्र
कठिन समय में किसी जरूरतमंद की मदद करना ही सच्ची मानवता है। सदर अस्पताल में किया गया यह सेवा कार्य बताता है कि छोटे-छोटे प्रयास भी किसी के जीवन में बड़ी राहत ला सकते हैं। समाज के हर वर्ग को आगे आकर ऐसे मानवीय कार्यों में भागीदारी निभानी चाहिए।





