
#हुसैनाबाद #पलामू #छठ_आस्था : सूर्य अर्घ्य के साथ मंदिर निर्माण हेतु भिक्षाटन—लोगों ने दिया समर्थन।
पलामू के हुसैनाबाद में चैती छठ महापर्व के समापन पर श्रद्धालुओं ने उदीयमान सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया। इसी दौरान वार्ड पार्षद संगीता कुमारी ने सूर्य मंदिर निर्माण के लिए भिक्षाटन कर अनोखी पहल की। इस प्रयास को स्थानीय लोगों का व्यापक समर्थन मिला। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और श्रद्धालुओं की बड़ी भागीदारी रही।
- जहोरी माई छठ घाट, हुसैनाबाद में श्रद्धालुओं ने उदीयमान सूर्य को अर्घ्य दिया।
- वार्ड पार्षद संगीता कुमारी ने मंदिर निर्माण हेतु भिक्षाटन किया।
- 36 घंटे निर्जला व्रत के बाद श्रद्धालुओं ने पूजा संपन्न की।
- आचार्य द्रोणाचार्य जी ने कराई मां गंगा की आरती।
- कार्यक्रम में अजय कुमार भारती, मुन्ना कुमार देव सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद।
हुसैनाबाद नगर पंचायत क्षेत्र के नहर मोड़ स्थित जहोरी माई छठ घाट पर चैती छठ महापर्व के समापन के अवसर पर श्रद्धा, भक्ति और सामाजिक सहयोग का अनोखा संगम देखने को मिला। 36 घंटे के कठिन निर्जला व्रत के बाद व्रतधारियों ने बुधवार सुबह उदीयमान सूर्य को अर्घ्य अर्पित कर पूजा-अर्चना संपन्न की।
इस दौरान घाट पर हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी रही। पारंपरिक परिधान में महिलाएं और पुरुष पूजा की डलिया लेकर घाट पहुंचे और पूरे विधि-विधान से सूर्य देव की आराधना की। छठी मैया के गीतों से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
मंदिर निर्माण के लिए अनोखी पहल
छठ महापर्व के इस पावन अवसर पर एक अनूठी पहल ने सभी का ध्यान आकर्षित किया। वार्ड पार्षद संगीता कुमारी ने सूर्य मंदिर निर्माण के लिए भिक्षाटन कर लोगों से सहयोग की अपील की।
उन्होंने आंचल फैलाकर व्रतधारियों और श्रद्धालुओं से आर्थिक सहयोग मांगा, ताकि क्षेत्र में एक भव्य सूर्य मंदिर का निर्माण कराया जा सके। यह दृश्य लोगों के लिए प्रेरणादायक बन गया।
संगीता कुमारी ने कहा: “सूर्य मंदिर निर्माण हमारे क्षेत्र की आस्था और पहचान से जुड़ा है। इसमें सभी का सहयोग जरूरी है।”
उनकी इस पहल को घाट पर मौजूद लोगों ने सराहा और मंदिर निर्माण में हरसंभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया।
छठ घाट पर उमड़ा आस्था का सैलाब
जहोरी माई छठ घाट पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी थी। व्रतधारी महिलाएं जल में खड़े होकर उदीयमान सूर्य को अर्घ्य अर्पित कर परिवार की सुख-समृद्धि और कल्याण की कामना कर रही थीं।
घाट परिसर में भक्ति गीतों की गूंज और श्रद्धालुओं की आस्था ने माहौल को पूरी तरह आध्यात्मिक बना दिया। लोग एक-दूसरे को प्रसाद बांटते नजर आए और पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा वातावरण रहा।
गंगा आरती से गूंजा माहौल
कार्यक्रम के दौरान आचार्य द्रोणाचार्य जी द्वारा मां गंगा की भव्य आरती कराई गई। आरती के समय श्रद्धालुओं ने दीप जलाकर पूजा में भाग लिया, जिससे पूरा घाट रोशनी और भक्ति से जगमगा उठा।
आरती के दौरान श्रद्धालुओं की आस्था चरम पर दिखाई दी और वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया।
जनप्रतिनिधियों की रही मौजूदगी
इस अवसर पर कई जनप्रतिनिधि और समाजसेवी भी उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से नगर पंचायत अध्यक्ष अजय कुमार भारती, मुन्ना कुमार देव, अभिमन्यु कुमार, संतोष कुमार गुप्ता, शिवपूजन प्रसाद गुप्ता, जय श्री बैठा, अजित कुमार चौधरी, मुकेश कुमार चौधरी, सुरेन्द्र साव, विनोद कुमार चौधरी, कृष्ण कुमार, देवा कुमार, प्रणव सुमन कुमार सहित सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
सभी ने छठ पर्व की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए क्षेत्र में इस तरह के धार्मिक और सामाजिक आयोजनों को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई।
आस्था और सामाजिक सहयोग का संगम
यह आयोजन केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं रहा, बल्कि सामाजिक एकजुटता और सहयोग की भावना का भी उदाहरण बना। मंदिर निर्माण के लिए लोगों का आगे आना इस बात का संकेत है कि समाज अब सामूहिक प्रयासों से विकास के कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए तैयार है।
न्यूज़ देखो: आस्था के साथ जुड़ा जनसहयोग का संदेश
हुसैनाबाद में छठ महापर्व के दौरान मंदिर निर्माण के लिए भिक्षाटन की पहल यह दिखाती है कि आस्था के साथ सामाजिक जिम्मेदारी भी जुड़ी हुई है। जनप्रतिनिधि द्वारा इस तरह का कदम उठाना एक सकारात्मक संदेश देता है कि विकास के कार्यों में जनता की भागीदारी जरूरी है। अब देखना होगा कि इस पहल को आगे किस रूप में मूर्त रूप दिया जाता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
आस्था के साथ जिम्मेदारी भी निभाएं
समाज की असली ताकत उसकी एकता और सहयोग में होती है।
जब हम मिलकर किसी अच्छे कार्य के लिए आगे बढ़ते हैं, तो बदलाव निश्चित होता है।
मंदिर हो या समाज का विकास—हर पहल में जनभागीदारी जरूरी है।
छोटा-सा सहयोग भी बड़े बदलाव की शुरुआत बन सकता है।
आइए, इस पहल से प्रेरणा लें और अपने क्षेत्र के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। अपनी राय कमेंट में साझा करें, खबर को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं और समाजहित के कार्यों में सहभागी बनें।






