
#गढ़वा #साप्ताहिक_सत्संग : गुरु भाई जगजीवन बघेल के निवास पर श्रद्धा से संपन्न कार्यक्रम।
गढ़वा के गढ़देवी मोहल्ला में परम दयाल युग पुरुषोत्तम श्री श्री ठाकुर अनुकूल चंद्र जी के साप्ताहिक सत्संग का आयोजन किया गया। कार्यक्रम गुरु भाई श्री जगजीवन बघेल के निवास स्थान पर संपन्न हुआ, जिसमें सामूहिक प्रार्थना, नाम जप, भजन-कीर्तन और धर्मग्रंथ पाठ किया गया। उपस्थित श्रद्धालुओं ने ठाकुर जी की शिक्षाओं पर विचार करते हुए सदाचार और दीक्षा ग्रहण का संकल्प लिया। कार्यक्रम शांतिपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुआ।
- गढ़देवी मोहल्ला, गढ़वा में साप्ताहिक सत्संग का आयोजन।
- गुरु भाई जगजीवन बघेल के निवास पर श्रद्धालुओं की उपस्थिति।
- शंख ध्वनि, सामूहिक प्रार्थना, नाम जप और भजन-कीर्तन हुआ।
- श्री श्री ठाकुर अनुकूल चंद्र जी के जीवन एवं उपदेशों पर चर्चा।
- प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन।
गढ़वा शहर के गढ़देवी मोहल्ला में रविवार को परम दयाल युग पुरुषोत्तम श्री श्री ठाकुर अनुकूल चंद्र जी का साप्ताहिक सत्संग श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ आयोजित किया गया। यह आयोजन गुरु भाई श्री जगजीवन बघेल के निवास स्थान पर संपन्न हुआ, जहां बड़ी संख्या में गुरु भाई-बहनों ने भाग लेकर आध्यात्मिक वातावरण को जीवंत बना दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत शंख ध्वनि और “वंदे पुरुषोत्तम” के जयघोष के साथ हुई। इसके पश्चात सामूहिक प्रार्थना की गई, जिससे पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर उठा। श्रद्धालुओं ने एक साथ नाम जप और ध्यान कर आत्मिक शांति की अनुभूति की।
सामूहिक प्रार्थना और धर्मग्रंथों का पाठ
सत्संग के दौरान विभिन्न धर्मग्रंथों का पाठ किया गया। उपस्थित श्रद्धालुओं ने बारी-बारी से धार्मिक वचनों का वाचन कर सदाचार, सेवा और संयम के महत्व को रेखांकित किया। कार्यक्रम में भजन-कीर्तन और आरती का भी आयोजन किया गया, जिसमें सभी ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
भक्ति गीतों की प्रस्तुति से माहौल भक्तिमय हो उठा। आरती के बाद प्रसाद वितरण किया गया, जिसे सभी श्रद्धालुओं ने श्रद्धा भाव से ग्रहण किया।
ठाकुर जी के जीवन और शिक्षाओं पर प्रकाश
सत्संग के दौरान श्री श्री ठाकुर अनुकूल चंद्र जी के जीवन लीला एवं उनके उपदेशों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। वक्ताओं ने बताया कि सद्गुरु की शरण में रहने से जीवन की अनेक समस्याओं का समाधान संभव है।
वक्ता ने कहा:
“सद्गुरु के मार्गदर्शन में रहने से व्यक्ति को मानसिक शांति मिलती है और जीवन के संकटों से उबरने की शक्ति प्राप्त होती है।”
उन्होंने आगे कहा:
“सदाचार, दीक्षा और आध्यात्मिक अनुशासन अपनाने से परिवार, समाज और विश्व का कल्याण संभव है।”
सत्संग में उपस्थित श्रद्धालुओं ने ठाकुर जी के बताए मार्ग पर चलने और जीवन में सदाचार अपनाने का संकल्प लिया।
दीक्षा और सदाचार का संदेश
कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि विधि-विधान के साथ दीक्षा ग्रहण कर जीवन में सुख-शांति और संतुलन प्राप्त किया जा सकता है। उपस्थित लोगों को परिवार और समाज में सकारात्मक वातावरण बनाने का संदेश दिया गया।
सत्संग में वरिष्ठ गुरु भाई रघुवर प्रसाद कश्यप, दिलीप कश्यप, सियाराम पांडे, हरिद्वार प्रसाद केसरी, जगजीवन जी, उषा देवी, खुशी कुमारी, नरमा देवी, सविता देवी, किरण देवी, जितेंद्र यादव सहित अन्य गुरु भाई-बहन उपस्थित रहे।
सभी ने मिलकर सामूहिक प्रार्थना के साथ विश्व कल्याण की कामना की और कार्यक्रम का समापन हुआ।

न्यूज़ देखो: आध्यात्मिक एकता से सामाजिक संतुलन
गढ़वा में आयोजित यह सत्संग केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सामूहिक आध्यात्मिक चेतना का प्रतीक है। ऐसे कार्यक्रम समाज में नैतिक मूल्यों और अनुशासन को मजबूत करने का माध्यम बनते हैं। जब लोग एक साथ बैठकर प्रार्थना और चिंतन करते हैं, तो सामाजिक समरसता को भी बल मिलता है। आने वाले समय में ऐसे आयोजनों की निरंतरता समाज के लिए सकारात्मक संकेत है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
आध्यात्मिक मार्ग पर चलकर समाज में सकारात्मक बदलाव लाएं
जीवन की भागदौड़ में आत्मिक शांति का महत्व और बढ़ जाता है।
सामूहिक सत्संग हमें जोड़ता है, प्रेरित करता है और दिशा देता है।
परिवार और समाज में सदाचार का वातावरण बनाने की जिम्मेदारी हम सभी की है।
धार्मिक आयोजनों को केवल परंपरा नहीं, बल्कि आचरण का हिस्सा बनाएं।
आप भी अपने क्षेत्र के ऐसे सकारात्मक कार्यक्रमों में भाग लें।
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