
#सिमडेगा #सड़क_सुरक्षा : जिला परिवहन विभाग के मार्गदर्शन में WCSF CharitySpirit Foundation ने भीड़भाड़ वाले इलाकों में चलाया जागरूकता अभियान।
सड़क सुरक्षा माह 2026 के अंतर्गत सिमडेगा जिले में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम और यातायात नियमों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से सिमडेगा बाजार और टेंपो स्टैंड क्षेत्र में विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला परिवहन विभाग, सिमडेगा के निर्देशानुसार WCSF CharitySpirit Foundation द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में आम नागरिकों, वाहन चालकों और यात्रियों को सुरक्षित व जिम्मेदार यातायात व्यवहार के लिए प्रेरित किया गया। यह अभियान जिले के सबसे व्यस्त सार्वजनिक स्थलों पर आयोजित होने के कारण विशेष रूप से प्रभावी रहा।
- सड़क सुरक्षा माह 2026 के तहत सिमडेगा बाजार व टेंपो स्टैंड में कार्यक्रम आयोजित।
- जिला परिवहन विभाग, सिमडेगा के निर्देशानुसार WCSF CharitySpirit Foundation द्वारा आयोजन।
- हेलमेट, सीट बेल्ट, गति सीमा व नशा मुक्त ड्राइविंग पर विशेष जोर।
- संस्थापक जितेंद्र कुमार वर्मा के नेतृत्व में चला जागरूकता अभियान।
- बड़ी संख्या में नागरिकों और चालकों ने सड़क सुरक्षा शपथ ली।
सिमडेगा जिले में सड़क दुर्घटनाओं की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए सड़क सुरक्षा माह 2026 के अंतर्गत प्रशासन और सामाजिक संगठनों द्वारा लगातार जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी क्रम में सिमडेगा बाजार और टेंपो स्टैंड जैसे अत्यधिक भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में आयोजित यह कार्यक्रम आमजन तक सीधे संदेश पहुँचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास साबित हुआ। बाजार क्षेत्र में दुकानदारों, ग्राहकों, दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों के साथ-साथ टेंपो चालकों और यात्रियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।
नुक्कड़ नाटक और जनसंवाद से दिया गया संदेश
कार्यक्रम के दौरान सड़क सुरक्षा से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों को सरल और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया गया। WCSF CharitySpirit Foundation की ओर से नुक्कड़ नाटक और जनसंवादात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से लोगों को यह समझाया गया कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों का पालन नहीं, बल्कि जीवन रक्षा का सवाल है।
हेलमेट के अनिवार्य उपयोग, सीट बेल्ट लगाने, नशे की अवस्था में वाहन न चलाने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने और यातायात संकेतों व सड़क चिन्हों के सम्मान पर विशेष जोर दिया गया। स्थानीय भाषा और सहज संवाद के कारण लोग आसानी से कार्यक्रम से जुड़ सके।
हेलमेट को बताया जीवन रक्षा कवच
कार्यक्रम में विशेष रूप से दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट पहनने के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यकर्ताओं ने बताया कि हेलमेट केवल चालान से बचने का साधन नहीं, बल्कि दुर्घटना की स्थिति में जीवन बचाने वाला सबसे मजबूत सुरक्षा कवच है।
कई चालकों ने स्वीकार किया कि वे छोटी दूरी के लिए हेलमेट नहीं पहनते, लेकिन कार्यक्रम के बाद उन्होंने अपनी आदत बदलने का संकल्प लिया।
संस्थापक जितेंद्र कुमार वर्मा का नेतृत्व
इस जागरूकता कार्यक्रम का नेतृत्व WCSF CharitySpirit Foundation के संस्थापक श्री जितेंद्र कुमार वर्मा ने किया। उन्होंने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति का नैतिक और सामाजिक दायित्व है।
उन्होंने कहा कि यदि हर नागरिक स्वयं यातायात नियमों का पालन करे और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करे, तो सड़क दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है।
जितेंद्र कुमार वर्मा ने कहा:
“सड़क पर निकलते समय थोड़ी सी सावधानी और अनुशासन हमारी और हमारे परिवार की जान बचा सकता है।”
लोगों ने ली सड़क सुरक्षा शपथ
कार्यक्रम की एक बड़ी उपलब्धि यह रही कि सिमडेगा बाजार और टेंपो स्टैंड क्षेत्र में मौजूद बड़ी संख्या में लोगों ने स्वेच्छा से सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने और दोपहिया वाहन चलाते समय अनिवार्य रूप से हेलमेट पहनने की शपथ ली।
युवाओं, चालकों और दुकानदारों की सहभागिता से यह स्पष्ट हुआ कि समाज में सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता धीरे-धीरे मजबूत हो रही है।
जिला परिवहन विभाग के प्रयासों को मिला सहयोग
जिला परिवहन विभाग, सिमडेगा के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम को स्थानीय लोगों का भरपूर समर्थन मिला। विभाग द्वारा सड़क सुरक्षा माह के तहत चलाए जा रहे अभियानों को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने में WCSF CharitySpirit Foundation जैसी सामाजिक संस्थाओं की भूमिका अहम मानी जा रही है।
कार्यक्रम के दौरान अनुशासन और व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा गया, जिससे यातायात प्रभावित नहीं हुआ और संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सका।
बाजार और टेंपो स्टैंड में बना सकारात्मक माहौल
कार्यक्रम के बाद सिमडेगा बाजार और टेंपो स्टैंड क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को लेकर सकारात्मक माहौल देखने को मिला। कई टेंपो चालकों ने यात्रियों से भी आग्रह किया कि वे सुरक्षित यात्रा के लिए नियमों का पालन करें।
दुकानदारों ने भी कहा कि ऐसे अभियान नियमित रूप से होने चाहिए, ताकि लोगों में जागरूकता बनी रहे।

न्यूज़ देखो: सड़क सुरक्षा में समाज की भागीदारी जरूरी
सिमडेगा में आयोजित यह जागरूकता कार्यक्रम बताता है कि सड़क सुरक्षा केवल कानून से नहीं, बल्कि सामाजिक सहभागिता से संभव है। जिला परिवहन विभाग और WCSF CharitySpirit Foundation का यह प्रयास सराहनीय है, जिससे आमजन में जिम्मेदारी की भावना मजबूत हो रही है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सुरक्षित सड़कें, सुरक्षित भविष्य की ओर
एक छोटी सी लापरवाही जीवन भर का दर्द दे सकती है।
हेलमेट पहनें, नियमों का पालन करें और दूसरों को भी जागरूक करें।
सड़क सुरक्षा को आदत बनाएं, मजबूरी नहीं।
आपकी सावधानी किसी की जिंदगी बचा सकती है।
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सुरक्षित यातायात की इस मुहिम को आगे बढ़ाएं।







