
#सिमडेगाजिला #स्वास्थ्ययोजना : उप विकास आयुक्त की अध्यक्षता में स्वास्थ्य अवसंरचना परियोजनाओं की प्रगति पर विस्तृत समीक्षा बैठक।
सिमडेगा जिले में स्वास्थ्य विभाग अंतर्गत संचालित PM-ABHIM योजना एवं 15वें वित्त आयोग की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा उप विकास आयुक्त दीपांकर चौधरी की अध्यक्षता में की गई। बैठक में हेल्थ सब सेंटर, ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के निर्माण कार्यों की अद्यतन स्थिति प्रस्तुत की गई। अधिकारियों को गुणवत्ता के साथ समयबद्ध कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। संवेदकों की लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के संकेत भी दिए गए।
- उप विकास आयुक्त दीपांकर चौधरी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित।
- PM-ABHIM योजना अंतर्गत 38 HSC स्वीकृत, 36 पूर्ण, 02 अंतिम चरण में।
- 05 BPHU स्वीकृत, जिनमें 02 पूर्ण, 02 निर्माणाधीन।
- BPHU बांसजोर में कार्य में रुचि नहीं लेने पर संवेदक को ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया।
- 15वें वित्त आयोग के तहत सभी स्वीकृत HSC कार्य प्रारंभ।
- 02 PHC और 01 BPHU की निविदा शीघ्र प्रकाशित करने के निर्देश।
सिमडेगा जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण को लेकर प्रशासन ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाया है। उप विकास आयुक्त दीपांकर चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में केंद्र और राज्य सरकार की महत्वपूर्ण स्वास्थ्य अवसंरचना योजनाओं की प्रगति का गहन मूल्यांकन किया गया। बैठक का उद्देश्य जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच, गुणवत्ता और समयबद्ध क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना रहा।
PM-ABHIM योजना की प्रगति पर विस्तृत चर्चा
बैठक में बताया गया कि प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन (PM-ABHIM) योजना के अंतर्गत सिमडेगा जिले में कुल 38 हेल्थ सब सेंटर (HSC) स्वीकृत किए गए हैं। इनमें से 36 HSC का निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि शेष 02 HSC अंतिम चरण में हैं और जल्द ही इन्हें भी पूर्ण कर लिया जाएगा।
इसी योजना के अंतर्गत जिले में 05 ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट (BPHU) स्वीकृत हैं। इनमें से 02 BPHU का निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है। शेष 03 BPHU में से 02 में कार्य प्रगति पर है, जबकि एक BPHU बांसजोर में संवेदक की लापरवाही सामने आई है।
बांसजोर BPHU में संवेदक पर सख्त रुख
बैठक के दौरान अधिकारियों ने जानकारी दी कि BPHU बांसजोर में संबंधित संवेदक द्वारा कार्य में रुचि नहीं ली जा रही है, जिससे परियोजना में अनावश्यक देरी हो रही है। इस पर उप विकास आयुक्त ने कड़ा रुख अपनाते हुए राज्य सरकार को संवेदक को ब्लैकलिस्ट करने हेतु पत्राचार किए जाने की जानकारी दी।
दीपांकर चौधरी ने कहा: “सरकारी योजनाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। गुणवत्ता और समय दोनों का पालन अनिवार्य है।”
यह स्पष्ट संकेत है कि जिला प्रशासन अब कार्यों में ढिलाई को किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं करेगा।
15वें वित्त आयोग की योजनाओं की समीक्षा
बैठक में 15वें वित्त आयोग के तहत संचालित योजनाओं की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि इस मद के अंतर्गत सभी स्वीकृत हेल्थ सब सेंटर का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। इसके अलावा जिले में 02 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) और 01 ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट (BPHU) के लिए निविदा प्रक्रिया शीघ्र प्रकाशित की जाएगी।
उप विकास आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि निविदा प्रक्रिया पारदर्शी हो और चयनित एजेंसियां समयसीमा के भीतर कार्य पूर्ण करें।







