#चैनपुर #वन_कार्रवाई : ब्रह्मपुर में छापेमारी—साल लकड़ी छिपाकर ले जा रहे ट्रैक्टर को जब्त किया गया।
गुमला के चैनपुर क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध लकड़ी तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए साल लकड़ी से लदा ट्रैक्टर जब्त किया। तस्करों ने लकड़ी छिपाने के लिए जलावन की परत डाली थी। चालक मौके से फरार हो गया। विभाग मामले की जांच कर रहा है।
- ब्रह्मपुर में साल लकड़ी से लदा ट्रैक्टर जब्त।
- जलावन लकड़ी से छिपाकर की जा रही थी तस्करी।
- गुप्त सूचना पर वन विभाग की कार्रवाई।
- चालक मौके से फरार।
- मामले की गहन जांच जारी।
गुमला जिले के चैनपुर प्रखंड अंतर्गत कुरुमगड़ वन क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध लकड़ी तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। कातिंग पंचायत के ब्रह्मपुर गांव में छापेमारी कर टीम ने साल की कीमती लकड़ियों से लदे एक ट्रैक्टर को जब्त कर लिया।
यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिसमें तस्करों द्वारा अपनाई गई चालाकी भी सामने आई।
गुप्त सूचना पर बनी टीम
वनपाल को सूचना मिली थी कि ब्रह्मपुर क्षेत्र से साल के बेशकीमती बोटा ट्रैक्टर में लादकर बाहर भेजे जा रहे हैं। इसके बाद उनके नेतृत्व में एक टीम गठित की गई, जिसमें क्यूआर टीम और वन विभाग के अन्य कर्मी शामिल थे।
एक वन अधिकारी ने कहा: “सूचना मिलते ही टीम ने त्वरित कार्रवाई की।”
जलावन लकड़ी से छिपाई गई थी कीमती लकड़ी
जब वन विभाग की टीम ने संदिग्ध ट्रैक्टर को रोका और उसकी तलाशी ली, तो मामला खुलकर सामने आया।
ट्रैक्टर के डाले में नीचे साल के मोटे-मोटे बोटा लोड थे, जिन्हें छिपाने के लिए ऊपर से सूखी जलावन लकड़ियों की परत बिछाई गई थी।
एक अधिकारी ने कहा: “तस्करों ने काफी चालाकी से लकड़ी छिपाने की कोशिश की थी।”
बिना नंबर का ट्रैक्टर
पकड़े गए ट्रैक्टर पर कोई रजिस्ट्रेशन नंबर अंकित नहीं था, जिससे स्पष्ट होता है कि इसका इस्तेमाल अवैध कार्यों के लिए किया जा रहा था।
चालक मौके से फरार
वन विभाग की टीम को देखते ही ट्रैक्टर चालक अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। फिलहाल उसकी तलाश जारी है।
लकड़ी और ट्रैक्टर जब्त
वन विभाग ने ट्रैक्टर और उस पर लदी लकड़ी को कब्जे में लेकर वन परिसर पहुंचा दिया है।
जांच जारी
विभाग अब इस पूरे मामले की जांच कर रहा है कि इस तस्करी के पीछे कौन लोग शामिल हैं और लकड़ी को कहां ले जाया जा रहा था।
वन संपदा की सुरक्षा पर जोर
यह कार्रवाई दर्शाती है कि वन विभाग क्षेत्र में अवैध कटाई और तस्करी के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई कर रहा है।
न्यूज़ देखो: जंगल पर नजर, तस्करों पर शिकंजा
चैनपुर की यह कार्रवाई बताती है कि वन संपदा की सुरक्षा के लिए सतर्कता और त्वरित कार्रवाई कितनी जरूरी है। अब देखना होगा कि तस्करों के पूरे नेटवर्क तक विभाग कब पहुंचता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
जंगल बचाएं, भविष्य बचाएं
वन हमारी सबसे बड़ी संपत्ति हैं।
अवैध कटाई रोकना हम सभी की जिम्मेदारी है।
जरूरी है कि हम ऐसे मामलों की सूचना दें।
आइए, हम प्रकृति की रक्षा करें।
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