#नावाबाजार #दुर्घटना_मामला : शॉर्ट सर्किट हादसा—परिजनों को सहायता और नौकरी दिलाने का भरोसा।
पलामू के नावाबाजार में बिजली मिस्त्री की मौत के बाद भाजपा नेता किशोर कुमार पांडेय ने परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने मुआवजा, नौकरी और बच्चों की पढ़ाई की व्यवस्था का आश्वासन दिया। घटना शॉर्ट सर्किट के दौरान काम करते समय हुई थी। कंपनी ने भी सहायता देने की बात कही है।
- किशोर कुमार पांडेय ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की।
- नागेंद्र पासवान की शॉर्ट सर्किट से मौत।
- परिजनों को मुआवजा और नौकरी का आश्वासन।
- बिजली कंपनी ने मांगें पूरी करने का भरोसा दिया।
- घटना के बाद जांच प्रक्रिया शुरू।
पलामू जिले के नावाबाजार क्षेत्र में बिजली मिस्त्री की मौत के बाद पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की पहल शुरू हो गई है। भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं सुप्रीम कोर्ट अधिवक्ता किशोर कुमार पांडेय ने तुकबेरा गांव पहुंचकर दिवंगत मिस्त्री नागेंद्र पासवान के परिजनों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी।
इस दौरान उन्होंने परिवार को हर संभव सहायता दिलाने का भरोसा दिया।
हादसे में हुई थी मौत
जानकारी के अनुसार, 45 वर्षीय बिजली मिस्त्री नागेंद्र पासवान बिजली वितरण कंपनी के तहत कार्य करते समय शॉर्ट सर्किट की चपेट में आ गए थे। यह घटना शाम करीब 8 बजे की बताई जा रही है।
बताया गया कि उस समय वे पर्याप्त सुरक्षा उपकरणों के बिना विद्युत लाइन पर कार्य कर रहे थे, जिससे हादसा हुआ।
एक स्थानीय व्यक्ति ने कहा: “सुरक्षा उपकरण होते तो शायद यह हादसा टल सकता था।”
परिवार से मिलकर दिया ढांढस
किशोर कुमार पांडेय ने परिजनों से मिलकर उन्हें ढांढस बंधाया और कहा कि वे इस मामले में पूरी तरह परिवार के साथ खड़े हैं।
किशोर पांडेय ने कहा: “पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और अन्य सहायता दिलाई जाएगी।”
मुआवजा और नौकरी का आश्वासन
उन्होंने भरोसा दिलाया कि—
- परिजनों को उचित मुआवजा
- आश्रित को नौकरी
- बच्चों की पढ़ाई की व्यवस्था
सुनिश्चित कराई जाएगी।
बिजली कंपनी से की बात
इस संबंध में उन्होंने बिजली कंपनी के निदेशक से भी बातचीत की। निदेशक ने सभी मांगों को स्वीकार करते हुए जल्द पूरा करने का आश्वासन दिया।
कंपनी के प्रतिनिधि ने कहा: “नियमानुसार हर संभव सहायता दी जाएगी।”
जांच प्रक्रिया शुरू
घटना के बाद कंपनी द्वारा आंतरिक जांच शुरू कर दी गई है, ताकि हादसे के कारणों का पता लगाया जा सके।
सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
इस घटना ने एक बार फिर बिजली कार्यों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बिना सुरक्षा उपकरणों के काम करना जानलेवा साबित हो सकता है।
स्थानीय लोगों में चिंता
इस हादसे के बाद क्षेत्र में चिंता का माहौल है और लोग कार्यस्थलों पर सुरक्षा उपायों को मजबूत करने की मांग कर रहे हैं।
पीड़ित परिवार को मदद की उम्मीद
परिवार को उम्मीद है कि उन्हें जल्द ही मुआवजा और अन्य सहायता मिलेगी, जिससे वे इस कठिन समय से उबर सकें।
न्यूज़ देखो: सुरक्षा में लापरवाही क्यों
नावाबाजार की यह घटना दिखाती है कि कार्यस्थलों पर सुरक्षा नियमों की अनदेखी कितनी घातक हो सकती है। अब जरूरी है कि कंपनियां ऐसे मामलों में सख्त नियम लागू करें। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
सुरक्षा को बनाएं प्राथमिकता
काम करते समय सुरक्षा सबसे जरूरी है।
हर कर्मचारी को जरूरी उपकरण उपलब्ध कराना जरूरी है।
लापरवाही से जीवन का नुकसान हो सकता है।
आइए, हम सुरक्षा के प्रति जागरूक बनें।
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