पलामू: ऊपरीकाला पंचायत में रोजगार दिवस पर प्रभात फेरी निकाली गई – हर हाथ को काम, गांव की खुशहाली का नाम

पलामू: ऊपरीकाला पंचायत में रोजगार दिवस पर प्रभात फेरी निकाली गई – हर हाथ को काम, गांव की खुशहाली का नाम

author Yashwant Kumar
24 Views Download E-Paper (14)
#हुसैनाबाद #रोजगार_दिवस : मनरेगा ग्राम सभा सह रोजगार दिवस के अवसर पर ऊपरीकाला पंचायत में निकाली गई प्रभात फेरी — ग्रामीणों को दिए गए नए जॉब कार्ड।
  • हुसैनाबाद प्रखंड के ऊपरीकाला पंचायत में रोजगार दिवस मनाया गया।
  • पंचायत सचिवालय परिसर से प्रभात फेरी निकालकर किया गया जनजागरूकता अभियान।
  • ग्रामीणों ने लगाए नारे — “हर हाथ को काम, गांव की खुशहाली का नाम”।
  • जरूरतमंद लोगों को मौके पर जॉब कार्ड बनाकर वितरण किया गया
  • कार्यक्रम का नेतृत्व मुखिया प्रेमा देवी, रामजी राम और अशोक कुमार दुबे ने किया।

पलामू जिले के हुसैनाबाद प्रखंड अंतर्गत ऊपरीकाला पंचायत में सोमवार को मनरेगा ग्राम सभा सह रोजगार दिवस का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। पंचायत सचिवालय परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम की शुरुआत प्रभात फेरी के साथ हुई, जिसमें ग्रामीणों, पंचायत प्रतिनिधियों और मनरेगा कर्मियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। फेरी के दौरान “हर हाथ को काम, गांव की खुशहाली का नाम”, “जॉब कार्ड बनवाओ, 100 दिन का काम पाओ” जैसे नारे गूंजते रहे।

जनजागरूकता और रोजगार के संदेश के साथ निकली प्रभात फेरी

प्रभात फेरी का उद्देश्य ग्रामीणों को मनरेगा योजनाओं के प्रति जागरूक करना और उन्हें रोजगार के अवसरों से जोड़ना था। पंचायत के विभिन्न इलाकों से आए लोगों ने रैली में भाग लिया और रोजगार से जुड़ी सरकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। ग्रामीणों में विशेष उत्साह देखा गया क्योंकि कई लाभुकों को मौके पर ही नए जॉब कार्ड प्रदान किए गए, जिससे वे मनरेगा कार्यों में सम्मिलित हो सकेंगे।

पंचायत प्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी

प्रभात फेरी का नेतृत्व मुखिया प्रेमा देवी, पूर्व पंचायत समिति सदस्य रामजी राम, और रोजगार सेवक अशोक कुमार दुबे ने किया। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों को मनरेगा की महत्ता समझाते हुए कहा कि यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और इसका सही उपयोग गांव के विकास के लिए आवश्यक है। पंचायत के अन्य कर्मी और ग्रामीण भी इस अवसर पर मौजूद रहे।

मुखिया प्रेमा देवी ने कहा: “मनरेगा ने गांवों में आत्मनिर्भरता का मार्ग खोला है। हर जरूरतमंद परिवार को काम और सम्मान मिलना हमारी प्राथमिकता है।”

रोजगार दिवस से बढ़ी ग्रामीण सहभागिता

इस कार्यक्रम ने न केवल जागरूकता बढ़ाई बल्कि ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं से सीधे जोड़ा। ग्रामीणों ने कहा कि यदि योजनाओं की सही जानकारी समय पर मिले, तो गांवों में बेरोजगारी की समस्या काफी हद तक खत्म हो सकती है। मौके पर अधिकारियों ने भी आश्वासन दिया कि प्रत्येक पात्र परिवार को रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा।

न्यूज़ देखो: रोजगार दिवस बना ग्रामीण आत्मनिर्भरता का प्रतीक

ऊपरीकाला पंचायत का यह आयोजन दिखाता है कि सरकारी योजनाओं को जनभागीदारी से जोड़ने पर ही सफलता मिलती है। प्रभात फेरी और जॉब कार्ड वितरण ने ग्रामीणों में उम्मीद जगाई है कि रोजगार अब उनके दरवाजे तक पहुंचेगा। प्रशासन और जनता का यह सहयोगी प्रयास आत्मनिर्भर गांव की दिशा में ठोस कदम है।
हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।

अब गांव की शक्ति बने आत्मनिर्भरता की मिसाल

ऊपरीकाला पंचायत का यह अभियान हर गांव के लिए प्रेरणा है कि जब लोग एकजुट होते हैं, तो बदलाव संभव होता है। अब समय है कि हर पंचायत अपने युवाओं और मजदूरों को मनरेगा से जोड़कर स्थायी रोजगार की दिशा में कदम बढ़ाए।
आप भी अपनी राय कमेंट करें, खबर को शेयर करें और जागरूकता फैलाएं — ताकि हर हाथ को काम और हर गांव को खुशहाली मिल सके।

📥 Download E-Paper

यह खबर आपके लिए कितनी महत्वपूर्ण थी?

रेटिंग देने के लिए किसी एक स्टार पर क्लिक करें!

इस खबर की औसत रेटिंग: 0 / 5. कुल वोट: 0

अभी तक कोई वोट नहीं! इस खबर को रेट करने वाले पहले व्यक्ति बनें।

चूंकि आपने इस खबर को उपयोगी पाया...

हमें सोशल मीडिया पर फॉलो करें!

Written by

हुसैनाबाद, पलामू

🔔

Notification Preferences

error: