News dekho specials
Garhwa

सरहुल जुलूस में डीजे प्रतिबंध का शत-प्रतिशत पालन, एसडीओ ने किया आयोजकों को सम्मानित

#गढ़वा – सरहुल जुलूस में सांस्कृतिक परंपरा की मिसाल, आयोजक हुए सम्मानित:

  • सरहुल जुलूस में न्यायालय के आदेशानुसार डीजे पूरी तरह प्रतिबंधित रहा
  • सिर्फ ढोल, नगाड़ा, मांदर जैसे पारंपरिक वाद्य यंत्रों का उपयोग किया गया
  • एसडीओ संजय कुमार ने आयोजकों की सराहना करते हुए सम्मानित किया
  • आयोजक सार्जेंट सतपाल सिंह को शॉल ओढ़ाकर दिया गया सम्मान

भव्य सरहुल जुलूस निकाला गया

गढ़वा में 1 अप्रैल को पुलिस लाइन से रंका मोड़ तक भव्य सरहुल जुलूस निकाला गया। इस जुलूस में पारंपरिक ढोल, नगाड़ा और मांदर की धुनें गूंजती रहीं, लेकिन किसी प्रकार के डीजे या तेज आवाज वाले साउंड सिस्टम का उपयोग नहीं किया गया

न्यायालय के आदेश का शत-प्रतिशत पालन

सरकार के न्यायादेश के अनुसार किसी भी जुलूस में डीजे पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। गढ़वा में आयोजित इस सरहुल जुलूस ने इस आदेश का शत-प्रतिशत पालन किया, जिसे प्रशासन ने सराहा।

आयोजकों को मिला सम्मान

एसडीओ संजय कुमार ने सरहुल जुलूस के सफल आयोजन और डीजे प्रतिबंध के अनुपालन पर आयोजकों की सराहना की। उन्होंने आयोजक सार्जेंट सतपाल सिंह को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया

एसडीओ संजय कुमार ने कहा, “सरहुल जुलूस में पारंपरिक वाद्य यंत्रों का उपयोग कर आयोजकों ने एक शानदार मिसाल पेश की है, जो अन्य आयोजनों के लिए प्रेरणा बनेगी।”

‘न्यूज़ देखो’ – हर खबर पर रहेगी हमारी नज़र

गढ़वा में सरहुल जुलूस सांस्कृतिक परंपरा और न्यायालय के आदेश के अनुपालन का बेहतरीन उदाहरण बना। प्रशासन द्वारा किए गए इस सम्मान से अन्य आयोजकों को भी सीखने की प्रेरणा मिलेगी। गढ़वा की हर अपडेट के लिए जुड़े रहें ‘न्यूज़ देखो’ से, क्योंकि हर खबर पर रहेगी हमारी नजर

पाठकों से अपील

यह खबर आपको कैसी लगी? अपनी राय कमेंट बॉक्स में साझा करें और न्यूज़ को रेटिंग दें!

यह खबर आपके लिए कितनी महत्वपूर्ण थी?

News dekho specials

रेटिंग देने के लिए किसी एक स्टार पर क्लिक करें!

इस खबर की औसत रेटिंग: 0 / 5. कुल वोट: 0

अभी तक कोई वोट नहीं! इस खबर को रेट करने वाले पहले व्यक्ति बनें।

चूंकि आपने इस खबर को उपयोगी पाया...

हमें सोशल मीडिया पर फॉलो करें!



IMG-20250723-WA0070
IMG-20251223-WA0009

नीचे दिए बटन पर क्लिक करके हमें सोशल मीडिया पर फॉलो करें


Sonu Kumar

गढ़वा

Related News

Back to top button
error: