#लातेहार #औचक_निरीक्षण : चंदवा में कार्यालय और अस्पताल की व्यवस्था सुधारने के दिए सख्त निर्देश।
लातेहार जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए उपायुक्त संदीप कुमार ने चंदवा प्रखंड कार्यालय और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यप्रणाली, कर्मचारियों की उपस्थिति और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता की जांच की गई। कुछ कर्मियों के अनुपस्थित पाए जाने पर नाराजगी जताई गई और कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इस पहल का उद्देश्य पारदर्शिता और बेहतर सेवा सुनिश्चित करना है।
- उपायुक्त संदीप कुमार ने किया चंदवा में औचक निरीक्षण।
- प्रखंड कार्यालय में कार्यप्रणाली और अभिलेखों की जांच।
- अनुपस्थित कर्मियों पर जताई कड़ी नाराजगी, शो-कॉज का निर्देश।
- CHC चंदवा में स्वास्थ्य सेवाओं और दवा उपलब्धता की समीक्षा।
- मरीजों से बातचीत कर समस्याओं को जाना, सुधार के निर्देश।
लातेहार जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को चुस्त और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से उपायुक्त संदीप कुमार ने मंगलवार को चंदवा प्रखंड कार्यालय और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) का औचक निरीक्षण किया। इस निरीक्षण के दौरान उन्होंने सरकारी कार्यालयों की कार्यप्रणाली से लेकर स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता तक हर पहलू की बारीकी से जांच की।
निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य आम जनता को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराना और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता सुनिश्चित करना था। उपायुक्त ने स्पष्ट संकेत दिया कि लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
प्रखंड कार्यालय में मिली खामियां, कार्रवाई के निर्देश
औचक निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने प्रखंड कार्यालय में कर्मचारियों की उपस्थिति, अभिलेख संधारण और कार्य निष्पादन की स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान कुछ कर्मियों के अनुपस्थित पाए जाने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई।
उन्होंने प्रखंड विकास पदाधिकारी चंदन प्रसाद को निर्देश दिया कि अनुपस्थित कर्मियों से स्पष्टीकरण (शो-कॉज) लिया जाए और नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
उपायुक्त संदीप कुमार ने कहा: “सरकारी कार्यों में लापरवाही किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं है, सभी कर्मी अपनी जिम्मेदारी समझें।”
पारदर्शिता और समयबद्ध कार्य पर जोर
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने सभी विभागों को निर्देश दिया कि सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से किया जाए। उन्होंने लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे और आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान पर विशेष ध्यान देने को कहा।
उन्होंने यह भी कहा कि जनता की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाना चाहिए, ताकि लोगों का प्रशासन पर भरोसा मजबूत हो।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सेवाओं की समीक्षा
प्रखंड कार्यालय के बाद उपायुक्त ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) चंदवा का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं, साफ-सफाई, दवा उपलब्धता और मरीजों को मिल रही सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की।
उन्होंने आयुष्मान वाटिका का निरीक्षण करते हुए भर्ती मरीजों से सीधे संवाद किया और उनकी समस्याओं को जाना।
ओपीडी और दवा वितरण पर विशेष नजर
ओपीडी का जायजा लेते हुए उपायुक्त ने मरीजों को मिल रही उपचार सेवाओं की गुणवत्ता पर संतोष जताया, लेकिन साथ ही और सुधार के निर्देश भी दिए।
दवा वितरण की स्थिति की जानकारी लेते हुए उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि सभी आवश्यक दवाएं समय पर उपलब्ध रहें और मरीजों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो।
उपायुक्त ने कहा: “मरीजों को गुणवत्तापूर्ण और संवेदनशील स्वास्थ्य सेवाएं देना स्वास्थ्यकर्मियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है।”
मौके पर मौजूद रहे अधिकारी
इस निरीक्षण के दौरान प्रखंड विकास पदाधिकारी चंदन प्रसाद, अंचल अधिकारी सुमित कुमार झा और डॉक्टर नीलिमा कुमारी समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में सुधार लाने के निर्देश दिए गए।

न्यूज़ देखो: सख्ती से ही सुधरेगी व्यवस्था
उपायुक्त का यह औचक निरीक्षण यह दर्शाता है कि प्रशासन अब लापरवाही को लेकर गंभीर हो चुका है। सरकारी कार्यालयों और स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना समय की जरूरत है। अब यह देखना अहम होगा कि दिए गए निर्देशों का कितना प्रभाव जमीनी स्तर पर दिखता है। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
जिम्मेदारी निभाएं, व्यवस्था को मजबूत बनाएं
सरकारी व्यवस्था तभी बेहतर बनती है जब हर स्तर पर जिम्मेदारी निभाई जाए।
एक जागरूक नागरिक के रूप में हमें भी अपनी समस्याओं को सही मंच तक पहुंचाना चाहिए।
प्रशासन और जनता के सहयोग से ही बदलाव संभव है।
आइए, हम सब मिलकर पारदर्शी और मजबूत व्यवस्था के लिए प्रयास करें।
अपनी राय कमेंट में जरूर साझा करें और इस खबर को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं।
