#हंटरगंज #धार्मिक_महोत्सव : सोखा गांव में आयोजन—351 श्रद्धालुओं की कलश यात्रा से गूंजा वातावरण।
चतरा के हंटरगंज प्रखंड के सोखा गांव में शिवपरिवार व हनुमंत प्राण प्रतिष्ठा महायज्ञ शुरू हुआ। 351 श्रद्धालुओं ने भव्य कलश यात्रा में भाग लिया। वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पूजा-अर्चना की गई। पूरे गांव में भक्तिमय माहौल बन गया है।
- सोखा गांव में शिवपरिवार व हनुमंत महायज्ञ शुरू।
- 351 श्रद्धालुओं की भव्य कलश यात्रा।
- वैदिक मंत्रों के साथ जल भरकर कलश स्थापना।
- पांच दिवसीय महायज्ञ में भंडारे का आयोजन।
- गांव में भक्ति और उत्साह का माहौल।
चतरा जिले के हंटरगंज प्रखंड अंतर्गत तरवागड़ा पंचायत के सोखा गांव में श्री श्री 1008 शिवपरिवार सह हनुमंत प्राण प्रतिष्ठा महायज्ञ का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा के साथ किया गया। इस धार्मिक आयोजन में 351 श्रद्धालुओं ने भाग लेकर पूरे गांव को भक्तिमय वातावरण में रंग दिया।
महायज्ञ के प्रारंभ होते ही सोखा गांव में आस्था और उत्साह का माहौल देखने को मिल रहा है।
कलश यात्रा से हुआ शुभारंभ
कलश यात्रा का शुभारंभ यज्ञाचार्यों द्वारा श्रद्धालुओं को कलश प्रदान कर किया गया।
एक यज्ञाचार्य ने कहा: “वैदिक परंपरा के अनुसार कलश यात्रा से ही यज्ञ की पवित्र शुरुआत होती है।”
नदी से लाया गया पवित्र जल
श्रद्धालु पूरे गांव का भ्रमण करते हुए स्थानीय लीलाजन नदी जलाशय पहुंचे, जहां वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच कलश में पवित्र जल भरा गया।
इसके बाद श्रद्धालु पुनः गांव भ्रमण करते हुए यज्ञ मंडप पहुंचे और विधिपूर्वक कलश स्थापना की गई।
गूंजे जयकारे, बना भक्तिमय माहौल
कलश यात्रा के दौरान “हर-हर महादेव”, “हर-हर शंभू”, “जय श्री राम” और “जय बजरंग बली” के जयकारों से पूरा गांव गूंज उठा।
एक श्रद्धालु ने कहा: “इस आयोजन से गांव में आध्यात्मिक वातावरण बना है।”
पांच दिवसीय महायज्ञ
यज्ञ समिति के सदस्यों ने बताया कि यह महायज्ञ पांच दिनों तक चलेगा, जिसमें विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए जाएंगे।
समिति के एक सदस्य ने कहा: “पूरे आयोजन के दौरान भव्य भंडारे का भी आयोजन किया गया है।”
बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल
इस कलश यात्रा में स्थानीय जनप्रतिनिधि, यज्ञ समिति के सदस्य और गांव के सैकड़ों लोग शामिल हुए।
सामाजिक और धार्मिक एकता का प्रतीक
यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि समाज में एकता और सहयोग की भावना को भी मजबूत करता है।
न्यूज़ देखो: आस्था से जुड़ता समाज
सोखा गांव का यह आयोजन दिखाता है कि धार्मिक कार्यक्रम समाज को जोड़ने और सकारात्मक ऊर्जा फैलाने का माध्यम बनते हैं। हर खबर पर रहेगी हमारी नजर।
भक्ति और एकता को बढ़ावा दें
धार्मिक आयोजन हमें जोड़ते हैं।
परंपराओं को जीवित रखना जरूरी है।
भक्ति से समाज में शांति आती है।
आइए, हम ऐसे आयोजनों में भाग लें।
इस खबर को शेयर करें और लोगों को जोड़ें।
अपनी राय कमेंट में जरूर साझा करें।
